लोगों में दहशत का माहौल, सड़कों पर चलना हुआ मुश्किल
लोगों ने नगर परिषद से नसबंदी अभियान चलाने की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
परवाणू। औद्योगिक नगरी परवाणू में लावरिस कुत्तों का खौफ इस कदर बढ़ गया है कि अब लोग घरों से निकलने में भी कतराने लगे हैं। शहर की सड़कों और गलियों में दर्जनों की संख्या में घूम रहे कुत्तों के झुंड राहगीरों पर अचानक हमला कर रहे हैं। ताजा मामले में एक महिला कुत्तों के हमले में गंभीर रूप से घायल हो गई है, जिससे स्थानीय लोगों में नगर परिषद के खिलाफ गहरा रोष है। स्थानीय निवासी सोनाली ने बताया कि वह अपने छोटे बच्चों के साथ स्कूटी पर जा रही थीं, तभी कुत्तों के एक झुंड ने उन पर हमला बोल दिया। इस दौरान एक कुत्ते ने उनकी टांग पर बुरी तरह काट लिया। घायल महिला को अब अस्पताल में एंटी-रेबीज के इंजेक्शन लगवाने पड़ रहे हैं। इस घटना ने शहर में बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। शहरवासियों का कहना है कि आवारा कुत्तों के कारण बच्चों का पार्क में खेलना और बुजुर्गों का सुबह-शाम टहलना दूभर हो गया है। कई क्षेत्रों में तो कुत्तों की फौज दिन-रात डेरा डाले रहती है। लोगों का आरोप है कि बार-बार शिकायत के बावजूद प्रशासन इस समस्या को गंभीरता से नहीं ले रहा है। स्थानीय लोगों ने बताया कि शहर में कुत्तों के हमले की घटनाएं रोज बढ़ती जा रही हैं। नगर परिषद को तुरंत नसबंदी और टीकाकरण अभियान शुरू करना चाहिए, ताकि शहर को इस खतरे से राहत मिल सके।
कोट
लावारिस कुत्तों की संख्या को कम करने के लिए परिषद की ओर से जल्द कार्रवाई शुरू की जाएगी। लावारिस कुत्तों की नसबंदी भी नियमित रूप से करवाई जा रही है। लोगाें को सुविधा देने का पूरा प्रयास किया जाएगा।
संदीप कुमार,अधिशासी अधिकारी, नगर परिषद परवाणू