कलश यात्रा के दौरान पूजा अर्चना करते हुए आचार्यस्रोत:आयोजन समिति
नालागढ़ (सोलन)। बद्दी उपमंडल के अंतर्गत रायपुर (लोदी माजरा) में वीरवार को भव्य कलशयात्रा के साथ सात दिवसीय श्रीमद्भागवत पुराण कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। पारंपरिक वेशभूषा में सजी महिलाओं ने मंगल कलश उठाकर क्षेत्र की परिक्रमा की। कलश स्थापना के पश्चात व्यासपीठ पर श्रीमद्भागवत महापुराण को प्रतिष्ठित किया गया। कथा के प्रथम दिन पर व्यासपीठ से पंडित प्रकाश चंद ने भागवत महात्म्य पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि देवर्षि नारद मानव जाति के दुखों को देखकर व्याकुल थे, जिसका समाधान उन्होंने विष्णु भगवान से पूछा। विष्णु भगवान ने कहा कि कलयुग में श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण ही जन्म-जन्मांतर के कष्टों से मुक्ति का सबसे सरल माध्यम है। आचार्य ने जोर देकर कहा कि इस अमर कथा को सुनने मात्र से प्राणी मृत्यु के भय से मुक्त होकर मोक्ष की ओर अग्रसर होता है। आयोजन समिति के सदस्य एडवोकेट श्याम लाल ने बताया कि कथा का आयोजन हर रोज दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक किया जाएगा। 19 मार्च को दोपहर 12:00 बजे धार्मिक अनुष्ठान की पूर्ण आहुति दी जाएगी। 19 मार्च को ही दोपहर 2:00 बजे से शाम तक विशाल भंडारे का आयोजन होगा।