दयारशघाट में श्रीमद्भागवत कथा केशुभारंभ के दौरान कलश यात्रा निकालती महिलाएं।स्रोत: आयोजक
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। दयारशघाट में रविवार को श्रीराम कथा और शतचंडी महायज्ञ का शुभारंभ कलश यात्रा के साथ हुआ। कथा के पहले दिन आचार्य राहुल शर्मा ने श्रीराम के लीलाओं का वर्णन किया और रामकथा श्रवण से सभी प्रकार के मानसिक और सामाजिक विकार दूर होने की महत्ता बताई। आचार्य राहुल शर्मा ने रामचरित मानस के प्राकट्य व नामकरण के बारे में भी विस्तार से बताया। उन्होंने बताया कथा का मूल पाठ 19 जनवरी से सुबह 6 से 11 बजे तक, जबकि कथा प्रवचन साढ़े 12 से साढ़े 3 बजे तक आयोजित होगा। कथा और महायज्ञ का समापन 26 जनवरी को दुर्गा अष्टमी के दिन होगा। प्रतिदिन आरती के उपरांत भंडारे का भी आयोजन किया जा रहा है। रविवार को आयोजित कलश यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाओं और ग्रामीणों ने भाग लिया। सैकड़ों लोगों ने कथा श्रवण किया और भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया।