जिला शिक्षा विभाग ने स्कूल प्रबंधकों को निर्देश किए जारी,पेयजल की सैंपलिंग समेत सफाई की भी देनी होगी रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। जलजनित रोगों से बचाव को लेकर शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को हर माह पेयजल भंडारण टैंकों की सफाई करने के निर्देश दिए हैं। इसमें सभी निजी, सरकारी स्कूल शामिल है। इसके अलावा स्कूल प्रबंधनों को स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर पानी की सैंपलिंग भी करवानी होगी। जिसकी रिपोर्ट भी विभाग को देनी होगी। वहीं इस बीच विभाग की टीम भी स्कूलों का औचक निरीक्षण करेंगी। जिसमें अनियमिता पाई जाने पर नियमानुसार कार्रवाई भी होगी।जानकारी के अनुसार शुक्रवार को भी धर्मपुर के एक स्कूल में बच्चों की तबीयत खराब हो गई थी। हालांकि अभी तक इसके कारणों का पता नहीं चला है, लेकिन शिक्षा विभाग ने सुरक्षा के तहत सभी स्कूलों को पानी की सैंपलिंग और सफाई करने के निर्देश दिए है। गर्मी और मानसून के मौसम में जलजनित रोग का भी प्रकोप बढ़ जाता है। ऐसे में जिला शिक्षा विभाग पहले से ही चौकन्ना हो गया है। विद्यार्थियों को डायरिया, पीलिया, उल्टी, दस्त एवं अन्य बीमारियों के बारे में जागरूक करने व स्कूल एवं घर में साफ-सफाई रखने के लिए प्रेरित करने को कहा गया है। जिला के उच्च शिक्षा विभाग ने इसके लिए जागरूकता को लेकर आवश्यक कदम उठाए हैं। विभाग की ओर से जिले के सभी वरिष्ठ स्कूलों के प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि वह अपने स्कूलों में पेयजल भंडारण में पानी की गुणवत्ता एवं सफाई को पुख्ता करने के लिए जल शक्ति विभाग से भी इसकी जांच करवाएं। उधर, शिक्षा उपनिदेशक उच्च शिक्षा गोपाल चौहान ने बताया कि स्कूलों को हर माह पानी की टैंकों की सफाई करने के निर्देश दिए गए है। जिसकी रिपोर्ट भी उन्हें विभाग को सौंपनी होगी।