1.नालागढ़ में हिंदू सम्मेलन में मंच पर स्वामी ज्योतिर्गमयानंद गिरी एवं ओम प्रकाश 2. सम्मेलन म
नालागढ़ में विशाल हिंदू सम्मेलन का आयोजन, सह प्रांत प्रचारक ने पांच प्रण पर दिया जोर
संवाद न्यूज एजेंसी
नालागढ़ (सोलन)। नालागढ़ में आयोजित विशाल हिंदू सम्मेलन में सनातन धर्म और राष्ट्र निर्माण की गूंज सुनाई दी। सम्मेलन में मुख्य वक्ता के रूप में पधारे स्वामी ज्योतिर्गमयानंद गिरी ने समाज को एकजुट होने का आह्वान करते हुए कहा कि हिंदू के संगठित होने से ही भारत विश्व में एक समर्थ और शक्तिशाली राष्ट्र के रूप में उभरेगा। उन्होंने कहा कि सनातन धर्म ही एकमात्र ऐसा धर्म है जो न केवल भारत, बल्कि प्राणी मात्र और विश्व कल्याण की कामना करता है। स्वामी ज्योतिर्गमयानंद ने राष्ट्र निर्माण में मातृ शक्ति की भूमिका को अहम बताया। उन्होंने कहा कि माता के संस्कार ही संतान को भगत सिंह या गुरु गोबिंद सिंह जैसे महापुरुष बना सकते हैं। धर्मांतरण पर प्रहार करते हुए उन्होंने कहा कि मंदिरों और गुरुद्वारों में दान देना उत्तम है, लेकिन अपने पड़ोस में रहने वाले किसी गरीब की सहायता करना सबसे बड़ा दान है। यदि हम अपने अभावग्रस्त भाई-बहनों की मदद करेंगे, तो कोई उन्हें लालच देकर उनका धर्मांतरण नहीं कर पाएगा। विशिष्ट वक्ता एवं संघ के सह प्रांत प्रचारक ओम प्रकाश ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से समाज के सामने रखे गए पांच प्रण पर काम करना अनिवार्य है। तभी विकसित भारत का संकल्प सिद्ध होगा। कार्यक्रम का शुभारंभ सुबह 11 बजे भव्य हवन के साथ हुआ, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने आहुति डाली। सम्मेलन के दौरान बच्चों ने देशभक्ति से ओतप्रोत गीतों और लघु नाटकों के माध्यम से दर्शकों को भावविभोर कर दिया। कार्यक्रम का मंच संचालन पंकज वशिष्ठ ने प्रभावी ढंग से किया।