नालागढ़(सोलन)। खुले में कूड़ा फेंकने वालों की अब खैर नहीं। नगर परिषद नालागढ़ ने खुले में कूड़ा फेंकने वालों का चालान करने का प्रस्ताव पारित किया है। सफाई व्यवस्था को सुचारू करने के लिए नगर परिषद नालागढ़ ने एक आपात बैठक बुलाई जिसमें सफाई ठेकेदार और जेबीआर कंपनी के प्रतिनिधि भी उपस्थित हुए। नालागढ़ शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए नप ने यह विशेष बैठक बुलाई गई। सफाई ठेकेदार व कूड़ा उठाने वाली कंपनी के प्रतिनिधियों को सीधे निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा शहर को स्वच्छ बनाने के लिए चार हजार पंफलेट और दो दर्जन फ्लैक्स लगाए जाएंगे।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए अलका वर्मा ने कहा कि मौके पर कोई भी सफाई कर्मी नहीं दिखता है। सभी सफाई कर्मचारियों को अब वर्दी, टैग और नेम प्लेट के साथ ड्यूटी पर आना होगा। जेबीआर कंपनी के सुपरवाइजर सुखदर्शन सिंह ने बताया कि डोर टू डोर कूडा उठाने वाले कर्मचारियों की संख्या 18 है जिसमें तीन चालक हैं। अन्य सफाई कर्मी हैं। शहर में कूड़ा उठाने वाले कर्मियों की संख्या 30 है। प्रत्येक वार्ड में तीन सफाई कर्मी आएंगे। वार्ड में आने वाले सभी पार्षदों को सफाई कर्मचारियों के पासपोर्ट साइज फोटो और मोबाइल नंबर सभी पार्षदों को दिए गए है। नप अध्यक्ष ने सफाई ठेकेदार व जेबीआर के सुपरवाइजर को अपने कामगारों की सूची 10 अगस्त तक नप को सौंपने का कहा है।
बैठक में नगर परिषद उपाध्यक्ष तारा अवस्थी, महेश गौतम, अमरिंद्र सिंह भिंडर, संजीव भारद्वाज, वंदना बंसल, सहर शर्मा, रविंद्र संख्यान, केसी संगर, सफाई सुपरवाइजर हेमराज गौतम ने भाग लिया।