पंजाब मोर्चा के कन्वीनर गौरव राणा, कीर्ति किसान मोर्चा के प्रधान हरप्रीत सिंह भट्टो, बीकेयू बहिराम के अवतार सिंह, करनवीर सिंह सोनू, प्रिंस बढल, एडवोकेट विशाल सैनी, जवाहर सिंह मल्ली, रिंकू कुमार, परगट सिंह घनौली, बलवीर सिंह मुन्ने, प्रीतम सिंह रायपुर, लछमन सिंह खेड़ी, सूबेदार रोशन लाल, नीरज राणा के नेतृत्व में उतरे लोगों ने यह जाम लगाया। भारी बारिश में भी लोग सड़कों पर डटे रहे और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और पंचायत मंत्री अनिरुद्ध सिंह के खिलाफ रोष जताया और चेतावनी दी कि अगर सरकार ने टैक्स कम नहीं किया तो आंदोलन तेज किया जाएगा। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे नेताओं ने स्पष्ट किया कि अब किसी समझौते की कोई गुंजाइश नहीं है। हिमाचल सरकार को यह टोल नाके तुरंत हटाने होंगे, नहीं तो लंबे समय तक चक्का जाम जारी रहेगा। साथ ही पंजाब सरकार से भी इस मुद्दे पर अपनी स्थिति स्पष्ट करने की मांग की गई। यह मामला विधानसभा में हल नहीं हो सका।