मेडिकल स्टोर से 120 रुपये तक दवा खरीदने को मजबूर मरीज
डॉक्टरों की पर्ची लेकर भटक रहे मरीज, रोजाना ओपीडी में पहुंच रहे 100 से 150 पीड़ित
अस्पताल प्रशासन की ओर से भेजी गईं टेंडर प्रक्रिया रद्द होने से गहराया संकट
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में मरीजों को दी जाने वाली अति आवश्यक दवाओं में से एजिथ्रोमाइसिन और पैरासिटामोल का स्टॉक पूरी तरह समाप्त हो चुका है। निशुल्क दवाओं के अभाव में मरीजों को अब निजी मेडिकल स्टोर और क्लीनिक पर इन दवाओं के लिए 120 रुपये तक खर्च करने पड़ रहे हैं।
अस्पताल की मेडिसिन ओपीडी में रोजाना सर्दी-खांसी और बुखार की शिकायत लेकर करीब 100 से 150 मरीज पहुंच रहे हैं। डॉक्टर अधिकतर मरीजों को एजिथ्रोमाइसिन (एंटीबायोटिक) और पैरासिटामोल ही लिख रहे हैं। गले के संक्रमण व बैक्टीरियल इंफेक्शन को रोकने के लिए एजिथ्रोमाइसिन और बुखार-दर्द को नियंत्रित करने के लिए पैरासिटामोल सबसे कारगर मानी जाती है। अस्पताल प्रशासन के बार-बार मांग पत्र भेजने के बावजूद दवाओं की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। इससे गरीब मरीजों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।
इनसेट
पांच माह से बीपी की दवाएं भी गायब
अस्पताल में ब्लड प्रेशर (बीपी) की जरूरी दवाएं भी पिछले पांच महीनों से उपलब्ध नहीं हैं। मरीज एम्लोडिपाइन और टेल्मिसार्टन जैसी बीपी की दवाओं के लिए दर-दर भटक रहे हैं।
इनसेट
कोट
अस्पताल में फिलहाल एजिथ्रोमाइसिन और पैरासिटामोल का स्टॉक खत्म हो गया है। पहले भेजे गए आवेदनों पर स्टॉक नहीं मिल पाया था, जिसके बाद दोबारा मांग भेजी गई है। कोशिश है कि जल्द टेंडर प्रक्रिया पूरी कर दवाओं की आपूर्ति बहाल की जाए ताकि मरीजों को राहत मिले।
-डॉ. राकेश पंवार, चिकित्सा अधीक्षक, क्षेत्रीय अस्पताल सोलन