रौड़ी पंचायत के प्रभावित परिवारों को मिलेगी राहत
एसडीएम अर्की की कमेटी ने पात्र किसानों की सूची की तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी।
दाड़लाघाट(सोलन)। प्रदेश हाईकोर्ट के आदेशों के बाद सरकार ने अंबुजा सीमेंट कंपनी दाड़लाघाट को रौड़ी पंचायत के प्रभावित किसानों को पुनर्वास एवं पुनर्विस्थापन योजना के तहत लाभ देने के निर्देश जारी किए हैं। यह निर्देश उपायुक्त द्वारा कंपनी को लिखित रूप में दिए गए हैं।
रौड़ी गांव निवासी एवं पूर्व पंचायत सदस्य जगदीश शर्मा ने वर्ष 2015 में उच्च न्यायालय में एक जनहित याचिका दायर की थी। याचिका में उल्लेख किया था कि वर्ष 1992 से 2009 के बीच रौड़ी एवं आसपास के गांवों के किसानों की भूमि और मकानों का अधिग्रहण सीमेंट कंपनी के लिए किया गया, जिसके कारण कई परिवार बेघर (हाउसलेस) हो गए। इसके बावजूद प्रभावित परिवारों को पुनर्वास एवं पुनर्विस्थापन योजना का लाभ नहीं दिया गया।
इस पर उच्च न्यायालय ने 13 दिसंबर, 2024 को सरकार और कंपनी को निर्देश दिए थे कि पात्र किसानों की पहचान के लिए कमेटी गठित की जाए और उन्हें योजना का लाभ दिया जाए। इसकी अनुपालना में एसडीएम अर्की की अध्यक्षता में तहसीलदार सहित एक कमेटी गठित की गई, जिसने गहन जांच के बाद पात्र किसानों की विस्तृत सूची तैयार कर डीसी सोलन को भेजी।
अब डीसी ने कंपनी को सूची भेजते हुए निर्देश दिए हैं कि सभी पात्र किसानों को तुरंत योजना का लाभ दिया जाए। आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित की जाए। साथ ही कंपनी को इस संबंध में रिपोर्ट डीसी कार्यालय, सोलन को प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए हैं। वर्ष 2002 में लागू पुनर्वास एवं पुनर्विस्थापन योजना के तहत प्रत्येक हाउसलेस किसान परिवार को मकान निर्माण के लिए 5 बिस्वा भूमि तथा 7 लाख रुपये देने का प्रावधान है। सूत्रों के अनुसार, कंपनी को इस योजना के अंतर्गत 30 से अधिक पात्र किसान परिवारों की सूची सौंपी गई है।