छह माह पहले सेवानिवृत्त हुए चिकित्सक की जगह नहीं हुई कोई तैनाती
36 किलोमीटर दूर ईएसआई अस्पताल परवाणू के लगाने पड़ रहे चक्कर
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। ईएसआई डिस्पेंसरी चंबाघाट फार्मासिस्ट के सहारे चली हुई है। हालात यह है कि चिकित्सक के सेवानिवृत्त होने के बाद किसी दूसरे की तैनाती यहां नहीं की गई है। इससे कमागारों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में वे उपचार के लिए क्षेत्रीय अस्पताल के चक्कर काट रहे हैं। इससे कामगार ईएसआई कार्ड का फायदा भी नहीं उठा पा रहे हैं। अगर कोई बड़ी बीमारी का उपचार करवाना हो तो उन्हें 36 किलोमीटर दूर ईएसआई अस्पताल परवाणू जाना पड़ रहा है। इससे कामगारों के जेब का खर्च भी बढ़ रहा है और परेशानी अलग से झेलनी पड़ रही है। ईएसआई डिस्पेंसरी चंबाघाट पर करीब 4,000 से 5,000 कामगार निर्भर है। सोलन, चंबाघाट, धर्मपुर, सुबाथू और वाकनाघाट में काफी उद्योग है। यहां के सभी कामगार चंबाघाट ही उपचार करवाने के लिए आते हैं, लेकिन चिकित्सक के न होने से मायूस हो जाते हैं। यहां केवल दंत चिकित्सक है और फार्मासिस्ट है। दंत चिकित्सक के पास दांतों का उपचार करवाने वालों की भीड़ लगी रहती है। ऐसे में वे अन्य मरीजों को नहीं देख पाते। कई बार खांसी, जुकाम और बुखार के मरीजों को फार्मासिस्ट दवाएं दे देते हैं। यहां पर पहले चिकित्सक तैनात था, लेकिन छह माह पहले चिकित्सक सेवानिवृत्त हो गया। इसके बाद से यहां पर विभाग की ओर से कोई चिकित्सक तैनात नहीं किया गया है। उधर, इस बारे में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय पाठक ने बताया कि ईएसआई अस्पताल में चिकित्सक की तैनाती के आदेश हो चुके हैं। जल्द ही वह कार्यभार संभालेंगे।