बद्दी में हुई राज्य स्तरीय औद्योगिक परामर्श कार्यशाला
तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने की अध्यक्षता
संवाद न्यूज एजेंसी
बद्दी(सोलन)। तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा कि प्रदेश सरकार तकनीकी शिक्षा के पाठ्यक्रम में उद्योग जगत की आवश्यकताओं के अनुरूप बदलाव करने लिए प्रत्यनशील है। वह शुक्रवार को बद्दी में बीबीएन उद्योग संघ एवं हिमाचल प्रदेश कौशल विकास निगम के सहयोग से आयोजित एक दिवसीय राज्य स्तरीय औद्योगिक परामर्श कार्यशाला में बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि युवाओं को उद्योग जगत की आवश्यकताओं के अनुरूप दक्ष बनाना समय की मांग है। इस उद्देश्य की पूर्ति में उद्योग जगत का सहयोग आवश्यक है। वर्तमान एवं भविष्य की चुनौतियों को सफलतापूर्वक समझकर सुलझाने वाले युवा ही सही रोजगार प्राप्त कर सकते हैं। राज्य सरकार उद्योग जगत के साथ मिलकर इस दिशा में कार्य कर रही है। प्रदेश सरकार दक्षता में कमी के कारणों को चिन्हित कर रही है। उन्होंने उद्योग जगत से आग्रह किया कि वह दक्षता के विषय में अपनी आवश्कताएं प्रदेश सरकार से साझा करें।
तकनीकी शिक्षा मंत्री ने कहा कि उद्योग जगत के सुझाव युवाओं के कौशल उन्नयन के लिए महत्वपूर्ण है। उद्योगों की कौशल आवश्यकताओं को समझकर पाठ्यक्रम तैयार करना आवश्यक है। धर्माणी ने उद्योग जगत से आग्रह किया कि सरकार के तकनीकी संस्थानों के साथ जुड़ें ताकि युवा उनकी विशेषज्ञता से लाभांवित हो सकें।
सीपीएस राम कुमार ने कहा कि बीबीएन क्षेत्र के विकास के लिए प्रशिक्षित युवा वर्तमान समय की मांग है जिसे पूरा करने के लिए प्रदेश सरकार विभिन्न कदम उठा रही है।
इस अवसर पर हिमाचल प्रदेश कौशल विकास निगम की प्रबंध निदेशक गंधर्वा राठौर ने प्रस्तुतिकरण के माध्यम से कौशल विकास परियोजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी। बीबीएन उद्योग संघ के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल ने उद्योग जगत की कौशल विकास से संबंधित मांगों पर जानकारी दी। इस अवसर पर उद्योगपतियों और मंत्री के मध्य संवाद भी हुआ।
इस अवसर पर बीबीएनडीए की सीईओ सोनाक्षी तोमर, निदेशक तकनीकी शिक्षा अक्षय सूद, एसडीएम दिव्यांशु सिंगल, महासचिव वाईएस गुलेरिया, कौशल विकास निगम के प्रदेश समंवयक अतुल कडोता सहित विभिन्न उद्योगों के उद्योगपति व अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।