कंडाघाट (सोलन)। राजकीय महाविद्यालय कंडाघाट में मंगलवार को जैव विविधता एवं पर्यावरणीय मुद्दे पर एक ऑनलाइन कार्यशाला आयोजित की गई। कॅरिअर काउंसिलिंग सेल और साइंस सोसायटी ने हिम साइंस कांग्रेस के साथ मिलकर इसका आयोजन किया। कार्यशाला में विज्ञान संकाय के विद्यार्थियों और प्राध्यापकों ने भाग लिया। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के जैव प्रौद्योगिकी विभाग के अध्यक्ष दूनी चंद मुख्य वक्ता रहे। उन्होंने विद्यार्थियों को जैव विविधता संरक्षण और गंभीर पर्यावरणीय चुनौतियों के प्रति सचेत किया। उन्होंने छात्र-छात्राओं को एकल-उपयोग प्लास्टिक का त्याग करने, जल संरक्षण और पौधरोपण करने की शपथ दिलाई। दूनी चंद ने प्लास्टिक प्रदूषण, विशेषकर सूक्ष्म प्लास्टिक के खतरों पर विस्तार से प्रकाश डाला। बताया कि सूक्ष्म प्लास्टिक अब जल, मृदा और खाद्य शृंखला में प्रवेश कर पूरे पारिस्थितिक तंत्र को भारी नुकसान पहुंचा रहा है। उन्होंने कचरा प्रबंधन के व्यावहारिक समाधान भी सुझाए। कार्यवाहक प्राचार्य चंदन चौहान ने कहा कि ऐसे आयोजनों से विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता और जिम्मेदारी की भावना बढ़ती है। विज्ञान संकाय की अधिष्ठाता मीनाक्षी शर्मा ने मुख्य वक्ता, हिम साइंस कांग्रेस और सभी प्रतिभागियों का आभार जताया।