दाड़लाघाट (सोलन)। अखिल भारतीय सीमेंट मजदूर महासंघ की बैठक वीडियो कांफ्रेंसिंग से की गई। इसमें देश भर के 62 सीमेंट उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य ठेका श्रमिकों को पूरे माह का वेतन नहीं मिलना, लेबर कानून में परिवर्तन, सार्वजनिक क्षेत्र का निजीकरण, पर्यावरण, पौधरोपण रहा।
अखिल भारतीय सीमेंट मजदूर महासंघ के अध्यक्ष कादिर भाई ने बताया कि वैश्विक महामारी कोरोना के चलते भारत में सीमेंट कंपनियां भरपूर मुनाफा कमा रही हैं लेकिन ठेका श्रमिकों को महीने में केवल 25-26 दिन का वेतन मिल रहा है। कई उद्योगों में तो केवल 20 दिन का ही वेतन मिल रहा है। इससे संपूर्ण भारत के श्रमिकों में गहरा रोष है। कहा कि 24 से 31 जुलाई तक उद्योग जगाओ सप्ताह का आयोजन पूरे भारत में होगा।
इसमें नुक्कड़ नाटक और कवि गोष्ठी से श्रमिकों को जागरूक किया जाएगा। कहा कि उद्योगों में मजदूरों का शोषण बंद नहीं हुआ तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर राष्ट्रीय कार्यसमिति के उपाध्यक्ष एस मलेशम, सीमेंट प्रभारी केसी मिश्रा, अखिल भारतीय सीमेंट मजदूर महासंघ के अध्यक्ष कादिर भाई, महामंत्री महेंद्र जैन, राजस्थान संगठन मंत्री घीसूलाल कलाल गुजरात, शंकर सुलेगाम उपाध्यक्ष कर्नाटक, हिमाचल से उपमहामंत्री ओम प्रकाश शर्मा, नरेश कुमार, सुरेश कुमार, राजेश ठाकुर मध्य प्रदेश से बी चिनप्पा छत्तीसगढ़, सुरिक नायक ने भाग लिया।