नालागढ़ में हिम परिवेश संस्था और किनवन संघर्ष समिति की बैठक, 200 ग्रामीणों ने लिया हिस्सा
संवाद न्यूज एजेंसी
नालागढ़ (सोलन)। पलासड़ा स्थित एक दवा फैक्टरी से कथित प्रदूषण के विरोध में हिम परिवेश संस्था और किनवन संघर्ष समिति ने आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया है। नंगल गोशाला में आयोजित बैठक में फैसला लिया गया कि सितंबर माह में नालागढ़ में बड़ा रोष प्रदर्शन किया जाएगा। बैठक में भाजपा नेता एवं पूर्व विधायक लखविंद्र सिंह राणा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। रणविजय सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में पलासड़ा, चुहूवाल, रड़ियाली, गोलजमाला, नंगल, स्नेढ़ और दत्तोवाल समेत आसपास के गांवों से करीब 200 ग्रामीणों ने भाग लिया। बैठक में ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि दवा फैक्टरी से फैल रहे कथित प्रदूषण को लेकर प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। समिति ने कहा कि फैक्टरी के दूषित पानी से भरा टैंकर पहले पकड़ा गया था, जिसके बाद नालागढ़ थाने में मामला दर्ज हुआ, लेकिन अभी तक अदालत में चालान पेश नहीं किया गया है। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि फैक्टरी की ओर जाने वाली सड़क की हालत खराब है, जिससे आसपास के गांवों के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पूर्व विधायक लखविंद्र सिंह राणा ने कहा कि दवा फैक्टरी से निकलने वाली कथित दुर्गंध और प्रदूषण के कारण नालागढ़ क्षेत्र के कई गांवों के लोग लंबे समय से परेशान हैं। उन्होंने कहा कि इससे पहले भी ग्रामीणों ने प्रदर्शन कर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा था, लेकिन प्रशासन और प्रदूषण नियंत्रण विभाग की ओर से कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो क्षेत्र के लोग बड़े स्तर पर जन आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। हिम परिवेश संस्था एवं किनवन संघर्ष समिति के सदस्य नरेश घई ने बताया कि फैक्टरी से जुड़े मामले को लेकर हाईकोर्ट और एनजीटी में कानूनी प्रक्रिया जारी है। इसके साथ ही अब जन आंदोलन को भी तेज किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि फैक्टरी से जल, वायु और ध्वनि प्रदूषण का असर आसपास के गांवों के साथ नालागढ़ शहर तक पहुंच रहा है। बैठक में नरेश घई, लखविंद्र सिंह राणा, इंदू वैद्य, लक्ष्मी सिंह ठाकुर, गुरदयाल, टेकचंद चंदेल, बीडीसी सदस्य जगत बैंस, हरदीप सिंह, नीलम, अर्चना, कमलेश, हरि शरण बस्सी, पंकज ठाकुर, सुशील कुमार, तिलक राज शर्मा, रणजौथ सिंह, केएल शर्मा, नरेंद्र चौहान, दिनेश कुमार और बालकिशन सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
बैठक में पारित किए गए कई प्रस्ताव
बैठक में फैक्टरी से जुड़े प्रदूषण पर रोक लगाने, कथित रासायनिक अपशिष्ट ले जाने वाले टैंकर मामले में जल्द चालान पेश करने, प्रशासन की ओर से दिए गए आश्वासनों को लागू करने और नंगल गोशाला से कालका-साई मार्ग की जर्जर सड़क का निर्माण जल्द करवाने की मांग की गई। समिति ने निर्णय लिया कि 9 अगस्त को दत्तोवाल गांव में अगली बैठक आयोजित कर आंदोलन की आगामी रणनीति तय की जाएगी। समिति ने क्षेत्रवासियों से अधिक संख्या में जुड़ने की अपील की।