फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सोलन में यूरोपियन फसलों की ओर बढ़ा किसानों का रूझान

विज्ञापन
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो

विज्ञापन

सोलन। कम लागत में अधिक आमदनी कमाने के लिए अब जिला के किसानों का रुझान अन्य फसलों को लगाने के साथ एग्जॉटिक प्लांट्स (यूरोपियन फसलों) की ओर बढ़ने लगा है। इन्हें किसान खुले खेतों और पोलीहॉउस में लगा रहे हैं। कृषि विभाग के अनुसार, अभी तक सोलन में 500 हेक्टेयर भूमि यूरोपियन फसलों के अधीन लाई जा चुकी है। इन फसलों की मांग भी अन्य लगाई जाने वाली फसलों के ज्यादा रहती है। इस समय किसान अपने खेतों और सरकारी अनुदान पर बनाए जा रहे पोलीहॉउस में कंडाघाट के तहत अश्वनी खड्ड के किनारे और सोलन ब्लॉक में यूरोपियन फसलों को लगाया जा रहा है। इनमें अधिकतर किसान पकचुएं, ब्रोकली, रेड कैबेज, सेलारी आदि फसलों को लगा रहे हैं। इनकी स्थानीय लोगों के अलावा बाहर भी काफी मांग है। इसके चलते अब किसानों का रुख इन फसलों को लगाने की ओर बढ़ रहा है। मानसून की बारिश इनके लिए संजीवनी है। हालांकि ज्यादा बारिश से इनकी आयु कम हो सकती है।
पांच सितारा होटलों में रहती है मांग
पांच सितारा होटलों में यूरोपियन फसलों की मांग ज्यादा होने के कारण क्षेत्र के किसानों की आय में अधिक वृद्धि हो रही है। किसानों को इनकी लगाई यूरोपियन फसलों की कीमत स्थानीय बाजार, होटलों की बजाय बड़े शहरों के होटलों में तीन गुणा अधिक मिल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

500 हेक्टेयर भूमि पर की जा रही पैदावार : रामनाथ
कृषि विभाग सोलन के उपनिदेशक रामनाथ ने बताया कि किसानों की रुचि यूरोपियन फसलों की ओर बढ़ रही है। सोलन और कंडाघाट ब्लॉक में इन फसलों को अधिक मात्रा में उगाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि दिल्ली जैसे बड़े शहरों के फाइव स्टार होटलों में इनकी मांग ज्यादा होने के साथ कीमत भी करीब तीन गुणा ज्यादा रहती है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें