सोलन। शहर के सभी वार्डों का पेयजल सिस्टम जल्द बदल जाएगा। इसके लिए नगर परिषद ने कार्य शुरू कर दिया है। हालांकि इसके लिए नप ने कोई सुनिश्चित बजट नहीं रखा है लेकिन शहर के ऐसे वार्डों में जहां पेयजल लाइनें खराब हो चुकी हैं उनको बदल दिया जाएगा। वर्तमान में पुरानी हो चुकी पाइप लाइन में लीकेज और अवैध कनेक्शनों के चलते इसको बदलने मांग चल रही थी। पाइप लाइन बिछने से शहर के वार्डों में पेयजल की आपूर्ति बेहतर होगी। लेकिन लाइन बिछाने के लिए नगर परिषद के पास पाइपों की भारी कमी चल रही है। इसके बावजूद भी नप आईपीएच विभाग से पाइप लाइन मुहैया करवाने की बात कह रही है। इसके लिए पत्राचार चल रहा है। नप की मुहिम सिरे चढ़ी तो इस साल की गर्मियों में लोगों को पेयजल किल्लत नहीं झेलनी पड़ेगी।
जानकारी के अनुसार शहर के वार्डों में पेयजल वितरण की व्यवस्था में सुधार नहीं हो पा रहा है। इसका सबसे अधिक खामियाजा वार्ड के लोगों को भुगतना पड़ता है। गर्मियों के मौसम में तो उपभोक्ताओं को पानी के लिए चार से पांच दिन तक इंतजार करना पड़ता है। लेकिन अब नए सिरे से पाइप लाइन बिछाने से प्रत्येक वार्ड के तहत आने वाली खराब लाइनों को दुरुस्त कर नए सिरे से बिछाया जाएगा।
आईपीएच के आंकड़ों के मुताबिक गिरि और अश्वनी पेयजल योजना से सोलन शहर की करीब 60 हजार आबादी की मांग पूरी करने के लिए रोज 70 से 80 लाख लीटर पानी की सप्लाई होती है। लेकिन लीकेज के कारण उपभोक्ताओं तक मांग अनुसार पानी नहीं पहुंचता। पाइप लाइन बिछने से लोगों को जरूरत के मुताबिक पानी मिलेगा। इसी मकसद से नगर परिषद ने नए सिरे से पाइप लाइन बिछाने की पहल की है। इससे पेयजल आपूर्ति बेहतर हो सकेगी। शहर के अधिकतर वार्ड क्षेत्रों में अंडरग्राउंड पाइप लाइनों में लीकेज पाई गई है। इससे अधिकतर कालोनियों में पानी का प्रेशर ही नहीं पहुंचता। लोगों को घरों में लगी टंकियों तक पानी पहुंचाने के लिए टुल्लू पंप का सहारा लेना पड़ता है।
सभी वार्डों में बदली जाएंगी पाइपें : ईओ
नगर परिषद के ईओ बीआर नेगी ने बताया कि शहर के वार्डों में खराब पड़ी लाइनों में बदलाव किया जाएगा। इससे शहर में हो रही पानी की लीकेज से छुटकारा मिलेगा। नप के पास पाइपों की कमी है लेकिन इसके लिए आईपीएच विभाग से भी सहायता ली जाएगी। इसके लिए उनसे इस विषय पर बात भी की जाएगी।