सोलन। महाव्यापार मंडल ने आबकारी एवं कराधान विभाग से सोलन में जीएसटी नंबर को लेकर चल रहे गोलमाल का मुद्दा उठाया है। महाव्यापार मंडल ने सोमवार को आबकारी एवं कराधान आयुक्त से मुलाकात कर उन्हें एक शिकायत पत्र भी सौंपा। जिसमें एक जीएसटी नंबर पर कई जगह कारोबारी करने के आरोप लगाए हैं। महाव्यापार मंडल के अध्यक्ष कुशल जेठी ने बताया कि शहर में गैर पंजीकृत लोग बाहरी राज्यों से आकर कारोबार कर रहे हैं। इन्हें कई स्थानीय दुकानदारों ने भी अपनी दुकान का अग्रिम हिस्सा फड़ी लगाने के लिए किराये पर दे रखा है।
ऐसे फड़ी धारक रोजाना दुकानदार को तीन से पांच हजार रुपये तक का भुगतान कर रहे हैं। बाहरी राज्यों से आए ये फड़ीधारक पूरे शहर में अलग-अलग जगह कारोबार कर रहे हैं और इनके पास जीएसटी नंबर भी एक ही है। इस आधार पर कारोबारी तय सीमा में ही कारोबार कर सकता है। उन्होंने कहा कि सभी नियमों की धज्जियां उड़ाकर बाहरी राज्यों से आए फड़ी धारक स्थानीय दुकानदारों को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि इन फड़ी धारकों का माल भारी तादाद में देर रात सोलन शहर में उतरता है। इस वजह से आबकारी एवं कराधान विभाग की टीम उसका मुआयना भी नहीं कर पाता है। उन्होंने कहा कि ऐसे फड़ी धारकों की भीड़ से शहर में असुरक्षा का माहौल पैदा हो रहा है। महाव्यापार मंडल ने आबकारी एवं कराधान विभाग से आह्वान किया है कि जीएसटी के गोलमाल और ट्रांस्पोर्टेशन की जांच की जाए। यदि कोई कमी पाई जाती है तो विभागीय कार्रवाई की जाए।
जांच करेगा आबकारी एवं कराधान विभाग : पंवर
आबकारी एवं कराधान आयुक्त हिमांशु आर पंवर का कहना है कि महाव्यापार मंडल ने जीएसटी और ट्रांस्पोर्टेशन की शिकायत की है जिसकी विभाग जांच करेगा। उन्होंने कहा कि जीएसटी का दायरा तय है और कोई भी कारोबारी उससे बाहर नहीं जा सकता है। उन्होंने कहा कि जीएसटी का नंबर जिस नियम के अनुसार हासिल किया गया हो उसी आधार पर कारोबार हो सकता है। जल्द ही विभाग सोलन शहर में दबिश देगा और मामले की जांच करेगा। जो भी लोग दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।