कॉलेज छात्रों ने सीआरपीएफ जवानों पर हमले की कड़ी निंदा
शहीदों को दो मिनट का मौन रख दी श्रद्धांजलि, रैली निकाल पाकिस्तानी झंडे जलाए
राष्ट्रपति से कड़ी कार्रवाई करने की उठाई मांग
अमर उजाला ब्यूरो
सोलन/नालागढ़। जम्मू कश्मीर के पुलवामा के अवंतिपोरा इलाके में सीआरपीएफ जवानों पर हुए आतंकी हमले की जिला भर के शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों ने कड़ी निंदा की है। इसके तहत सोलन डिग्री कॉलेज की अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने आतंकी हमले के खिलाफ धरना-प्रदर्शन किया। इसमें पाकिस्तानी झंडे जलाकर पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए गए। आतंकी हमले के खिलाफ रोष जताते हुए विद्यार्थी परिषद ने पाकिस्तान को चेतावनी दी गई है कि यदि इस तरह के आतंकी हमले जारी रहे तो वे दिन दूर नहीं जब पाकिस्तान को भीख में दी हुई जमीन उनसे छीन ली जाएगी। विद्यार्थी परिषद सोलन इकाई शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करती है और केंद्र सरकार से इस आतंकी हमले का मुंहतोड़ जवाब देने की मांग करती है। इकाई अध्यक्ष शुभम राठौर ने आतंकी हमले पर शोक व्यक्त करते हुए मोदी सरकार से कहा कि ‘यदि पाकिस्तान पर चोट नहीं तो मोदी तुझे वोट नहीं’। इस धरना प्रदर्शन में मुख्य रूप से इकाई सचिव कुशल ठाकुर, सोशल मीडिया प्रभारी तरुण, चेतन, चंदन, अर्चित सुमन व वैष्णवी शामिल रहे। डिग्री कॉलेज सोलन की एनएसयूआई इकाई ने कॉलेज में शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित कर मौन रखा।
नालागढ़ में कार्रवाई के लिए राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन
उपमंडल के महाविद्यालयों के विद्यार्थियों ने न केवल कड़ी निंदा की बल्कि कड़ी कार्रवाई के लिए महामहिम राष्ट्रपति को ज्ञापन भी सौंपा। नालागढ़, बरोटीवाला व रामशहर महाविद्यालयों के विद्यार्थी पहले नालागढ़ कॉलेज में एकत्रित हुए जहां शहीदों की शहादत में दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। उसके बाद शहर में रोष रैली निकाली गई और राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर कड़ी कार्रवाई की मांग की। रोष रैली समूचे नालागढ़ बाजार से होती हुई मिनी सचिवालय परिसर पहुंची जहां छात्रों ने एसडीएम प्रशांत देष्टा के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। कॉलेज के छात्र धज भंवर सिंह राणा, जसप्रीत सिंह, नाहिद हुसैन, लखवीर सिंह, सुधीर, प्रिया शर्मा, नैंसी, परमजोत कौर, भावना, शशी ने सौंपे ज्ञापन में बताया कि जम्मू कश्मीर में श्रीनगर जम्मू हाईवे पर अंवतिपोरा क्षेत्र में सीआरपीएफ पर किए बड़े आतंकी हमले की वह कड़ी निंदा करते हैं। उन्होंने बताया कि इस हमले में 42 जवान शहीद हो गए हैं जिसमें हिमाचल के कांगड़ा के ज्वाली का जवान भी शामिल है। उन्होंने महामहिम राष्ट्रपति और भारत सरकार से मांग की है कि देश के अंदर और बाहर पनप रहे हिंदुस्तान विरोधियों की आतंकवादी गतिविधियों पर कड़ा संज्ञान लेते हुए कार्रवाई करें।