सोलन। क्षेत्रीय अस्पताल का विवाद से नाता लगातार गहरा होता जा रहा है। ऑक्सीजन न मिलने की वजह से बुजुर्ग की मौत के तीन दिन बाद अस्पताल में एक बार फिर हंगामा बरपा। इलाज करवाने आए एक बुजुर्ग की पर्ची बनाने के नाम पर हंगामा खड़ा हो गया। करीब एक घंटे तक स्टाफ तथा लाइन में खड़े लोग आपस में उलझते रहे। करीब ढाई बजे शुरू हुआ यह हंगामा साढ़े तीन बजे तक जारी रहा। बाद में अस्पताल प्रबंधन और स्टाफ ने बुजुर्ग तथा पर्ची बना रही महिला कर्मचारी के बीच समझौता करवाया।
पर्ची बना रही महिला कर्मचारी उमा देवी ने बताया कि करीब ढाई बजे बुजुर्ग अस्पताल के काउंटर पर पहुंचे और यहां उन्होंने तीन पर्चियां बनाने को कहा। उन्होंने बुजुर्ग से नाम पूछा तो वह भड़क उठे और उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया। महिला कर्मचारी के अनुसार बुजुर्ग ने एक फोटोस्टेट काउंटर पर रखी और उससे नाम पढ़ने को कहने लगे। लेकिन इस फोटोस्टेट में नाम पढ़ा नहीं जा रहा था। इसके बाद करीब एक घंटे तक अस्पताल में हंगामा मचा रहा। पर्ची बनाने के लिए लाइन में लगे लोगों को इस दौरान मुश्किल का सामना करना पड़ा। दूसरी ओर बुजुर्ग ने महिला कर्मचारी पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाया है। बुजुर्ग के अनुसार जब वे पर्ची बनाने के लिए काउंटर पर पहुंचे तो महिला कर्मचारी ने उनके साथ अच्छा व्यवहार नहीं किया।
आवश्यक कार्रवाई करेंगे : डॉ. गुप्ता
अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. महेश गुप्ता ने कहा कि यह मामला उनके ध्यान में नहीं है। इस संबंध में लिखित शिकायत भी नहीं की गई है। कहा कि कोई शिकायत आती है तो वे मामले की जांच करवाएंगे और आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। अस्पताल स्टाफ से मरीजों और तीमारदारों से अच्छा व्यवहार करने का आह्वान किया है।
बिना अ1ॉक्सीजन हुई थी बुजुर्ग की मौत
क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में मंगलवार रात को ऑक्सीजन न मिलने से एक बुजुर्ग की मौत हो गई थी। उस समय भी व्यापार मंडल व अन्य स्वयंसेवी संस्थाओं ने स्टाफ पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाया था। ऑक्सीजन सिलेंडर के बदले पांच हजार रुपये की राशि की मांग स्टाफ ने की थी। मरीज के परिजनों के पास उस वक्त पैसे नहीं और ऑक्सीजन सिलेंडर न मिलने से बुजुर्ग ने दम तोड़ दिया था।