अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश भुवनेश अवस्थी की अदालत ने हत्या और लूटपाट के मामले में आरोपी गुरुलाल निवासी हरिपुर टोहाना को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास व 10 हजार रुपये का जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इसके अलावा अन्य धाराओं के तहत चार वर्ष की सजा व 5 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
जुर्माना न देने पर दोषी को तीन माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। दोषी गुरुलाल को एक अन्य धारा के तहत एक वर्ष का कारावास एवं 3 हजार रुपये का जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने पर दोषी को एक माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। उप जिला न्यायवादी संजय पंडित ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि 9 जून, 2014 को मेहजबीन निवासी वार्ड 9 पांवटा साहिब जब स्कूल से घर आई तो उसकी माता फिरोजा बानो का कत्ल हो गया था और घर से गहने गायब थे। उसके बाद मेहजबीन ने मामले की सूचना पुलिस को दी।
पुलिस ने मृतका की बेटी की शिकायत के आधार पर मामले की छानबीन शुरू कर आरोपी को गिरफ्तार कर लूटे गए सामान को रिकवर किया। दोषी गुरुपाल मेहजबीन को बहन बुलाता था। वह मेहजबीन के घर अकसर आता-जाता रहता था। घटना के दिन दोषी मेहजबीन के घर आया और हत्या व लूट के मामले को अंजाम दिया। अदालत ने सभी तथ्यों व साक्ष्यों के आधार पर दोषी ठहराते हुए यह सजा सुनाई।