चूड़धार की वादियों में न जाने कहां खो गई नन्ही श्रुति
इलाके के लोग जता रहे बच्ची के अपहरण की आशंका
एसआईटी से मामले की जांच करवाने की उठी मांग
आठवें दिन भी चला सर्च ऑपरेशन, नहीं मिला कोई सुराग
अमर उजाला ब्यूरो
नौहराधार (सिरमौर)। चूड़धार के रास्ते से लापता हुई पांच वर्षीय श्रुति की तलाश के लिए छेड़ा गया सर्च ऑपरेशन सोमवार को धीमा पड़ गया। हालांकि, कई लोग मासूम की तलाश में चूड़धार के जंगलों में गए, लेकिन आठवें दिन भी उसका कोई पता नहीं चल पाया। अब लोग श्रुति के लापता होने के रहस्य को अपहरण से जोड़कर देखने लगे हैं।
गौरतलब है कि दो जून को चूड़धार से वापस लौटते वक्त शिमला के चौपाल क्षेत्र की श्रुति तीसरी नामक स्थान से अचानक लापता हो गई थी। उसकी तलाश में लोगों ने जंगलों की खाक छान मारी। लेकिन, उसका कोई पता नहीं चला। सोमवार को मेगा सर्च ऑपरेशन को भी कामयाबी नहीं मिल पाई। अब लोग इस मामले को अपहरण से जोड़कर देखने लगे हैं। लोग आशंका जता रहे हैं कि कहीं मासूम का किसी ने अपहरण तो नहीं कर लिया है।
उधर, आज पुलिस के अलावा व्रिजेश्वर युवा संगठन चाडना के लगभग 50 युवाओं ने सर्च ऑपरेशन चलाया। लेकिन, कामयाबी हाथ नहीं लगी। पुलिस से इस मामले की आपराधिक एंगल से जांच करने की मांग की जा रही है। जबकि सरकार से भी एसआईटी से जांच करवाए जाने के लिए स्वर उठने लगे हैं। पुलिस ने सर्च ऑपरेशन जारी रखने की बात कही है।
व्यापार मंडल नौहराधार के अध्यक्ष जोगेंद्र सिंह व समाजसेवी गुमान सिंह ने सोमवार को पत्रकारों से कहा कि यह मामला अपहरण से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। यदि बच्ची जंगल में लापता हुई होती तो इतनी तलाश के बाद कुछ सुराग जरूर हाथ लगता। लेकिन, उसका कोई पता नहीं चल पा रहा है। रविवार को बच्ची की तलाश में चूड़धार के जंगल गए थे तो उस दौरान पुलिस ने गुज्जरों व ढाबे वालों के बयान दर्ज किए थे। लेकिन, उनके बयान भी मेल नहीं खा रहे हैं। इससे यह मामला रहस्यमयी बनता जा रहा है। उन्होंने मांग की है कि इस मामले की जांच के लिए सरकार एसआईटी बनाए। जोगेंद्र सिंह ने सर्च अभियान में बढ़चढ़कर भाग लेने के लिए क्षेत्र के सभी लोगों का आभार व्यक्त किया है।
उधर, एसपी सिरमौर रोहित मालपानी ने बताया कि फिलहाल सर्च आपरेशन जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि मामले की दूसरे एंगल से भी छानबीन करवाई जाएगी। उन्होंने अपहरण के मामले पर कहा कि अभी इस बारे कुछ नहीं कहा जा सकता।