अमर उजाला ब्यूरो
सराहां (सिरमौर)।
पच्छाद क्षेत्र की बजगा पंचायत के आधा दर्जन गांव के ग्रामीण तेंदुए के आतंक से दहशत में हैं। पंचायत के बनाड़, धंधोली, शामपुर, छंदोंग कनलोग व चलोग आदि गांवों के कई मवेशियों को तेंदुआ अपना निवाला बना चुका है। इससे जहां ग्रामीणों को नुकसान झेलना पड़ रहा है वहीं मवेशियों को चरागाह के लिए जंगल भेजना भी मुश्किल हो गया है। लोग सहमे हुए हैं। छोटे बच्चों का घर से स्कूल भेजना चिंताजनक हो गया है तो महिलाओं का पशुचारे के लिए जंगल में निकलना भी किसी बड़ी दिक्कत से कम नहीं है।
तेंदुए ने बनाड़ निवासी जगदीश नेगी की तीन बकरियां, बनाड़ निवासी रुपेंद्र सिंह की तीन बकरियां, बनाड़ निवासी हिरदाराम का एक बेल व भूपेंद्र सिंह के एक कुत्ते को अपना शिकार बना दिया है। इसके अलावा तेंदुए ने शामपुर गांव में भी पशुओं को अपना निवाला बनाया है।
ग्रामीण जगदीश नेगी, रुपेंद्र सिंह व हिरदाराम आदि ने बताया कि तेंदुए ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला रखी है। गांव के लोगों में डर का माहौल बन गया है। पहले तेंदुआ जंगल में ही रहकर पशुओं का शिकार करता था लेकिन अब शाम ढलते ही तेंदुआ घरों व गौशाला की तरफ दहाड़ता पहुंच रहा है। अभिभावकों को अपने छोटे-छोटे बच्चे स्कूल भेजने मुश्किल हो गए हैं और महिलाएं पशुचारे के लिए जंगल जाने में कतराने लगी हैं। ग्रामीणों ने मांग की है कि शीघ्र ही विभाग तेंदुए को पकड़ने के लिए कोई योजना बनाए ताकि भविष्य में कोई बड़ी अनहोनी न हो।
उधर, वन परिक्षेत्र अधिकारी सुखचैन सिंह ने बताया कि शीघ्र ही विभाग की एक टीम मौके पर भेजी जाएगी। यदि उचित हुआ तो तेंदुए को पकड़ने के लिए जाल भी लगाया जाएगा ताकि किसी को परेशानी न हो सके।