ददाहू (सिरमौर)। अंतरराष्ट्रीय रेणुका मेले में शिरकत करने वाले देवताओं को पारंपरिक तौर पर सरकार की तरफ से न्योता भेजा गया। रेणुका मेले में प्रतिवर्ष मुख्य रूप से चार देवता ही अपनी हाजिरी भरते हैं, जिनको विधिवत न्योता देकर बुलाया जाता है। इसमें प्रशासनिक अधिकारी बाकायदा देवता की भेंट लेकर उनको लाने देवस्थलों को जाते हैं। भगवान परशुराम के प्राचीन जामू मंदिर के लिए तहसीलदार ददाहू देवी सिंह कौशल और कानूनगो हीरा सिंह को देवता की भेंट देकर रवाना किया गया। जबकि, कटाह मंदिर के लिए नायब तहसीलदार ददाहू नरोत्तम चंद तथा पटवारी अशोक पंवार को भेजा गया। परशुराम मंदिर मंडलाहा के लिए नायब तहसीलदार नाहन और कानूनगो देवता की भेंट लेकर जाएंगे। महासू देवता मंदिर के लिए तहसीलदार कमरऊ को नियुक्त किया गया है। बिना न्योते के देवता मेले में भाग नहीं लेते। इसको लेकर देवताओं को बाकायदा विधिवत और सरकारी तौर पर निमंत्रण भेजा जाता है। देवताओं को भेंट स्वरूप एक गुड़ की भेली, एक नारियल, सवा किलो चावल, शुद्ध देसी घी और प्रसाद सहित अधिकारियों को रवाना किया जाता है। इस भेंट को अधिकारी मंदिरों में भगवान को समर्पित करके देवता के समक्ष मेले में आने का न्योता देते हैं।