अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)। राजकीय महाविद्यालय ददाहू के उद्घाटन को लेकर सियासी घमासान मच गया है। शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज द्वारा कॉलेज का शुभारंभ करने पर रेणुका कांग्रेस ने झूठा श्रेय लेने की राजनीति करार दिया है। ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष तपेंद्र सिंह चौहान, महासचिव मित्र सिंह और अनिल कन्याल ने नाहन में पत्रकारों से बातचीत में हुए कहा कि सत्ता परिवर्तन के बाद भाजपा सरकार ने विधिवत शुभारंभ की नई परंपरा शुरू की है। भाजपा नेता कांग्रेस सरकार की ओर से किए गए कार्यों का श्रेय लेने के लिए उनका फिर शुभारंभ कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के मंत्रियों में श्रेय लेने की होड़ लगी है। ददाहू कॉलेज का दोबारा उद्घाटन किया गया है जबकि, पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह इसका पहले ही उद्घाटन कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि पहले भाजपा के लोग इस कॉलेज को बंद कराने की राजनीति में जुटे थे और अब दोबारा शुभारंभ कर इसका श्रेय लिया। सही मायनों में यह होना चाहिए था कि उद्घाटन की बजाय प्रदेश के शिक्षा मंत्री कॉलेज को स्टाफ देते जबकि, ऐसा नहीं हुआ। कॉलेज में प्राध्यापकों की तैनाती को लेकर पिछले दिनों ददाहू क्षेत्र के अभिभावकों के साथ कांग्रेस के कार्यकर्ता मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से शिमला में मिले। उन्होंने एक सप्ताह के भीतर कॉलेज के लिए प्राध्यापक देने का आश्वासन दिया, लेकिन शिक्षा मंत्री ने अभी तक यहां स्टाफ तैनात नहीं किया। उन्होंने रेणुका क्षेत्र में भाजपा के विकास के दावों को खोखला करार दिया। तपेंद्र सिंह ने कहा कि विकास की बात करने वाली भाजपा ने यदि ददाहू में एक भी सरकारी संस्थान आज तक खोला होगा तो वह पद से इस्तीफा देने को भी तैयार हैं। ददाहू सहित रेणुका क्षेत्र का विकास कांग्रेस की देन है। उन्होंने कहा कि जनता ने जब कॉलेज की मांग की तो पूर्व मुख्यमंत्री ने तुरंत इसकी घोषणा की। चुनावी साल में कॉलेज खोलने के भाजपा के आरोप निराधार हैं।