पानवी में सजे अठारो पर्व के दौरान पारंपरिक वेशभूषा में नाटी लगाते ग्रामीण। संवाद
. तीन दिवसीय पर्व में बेटियों को निमंत्रण देकर बुलाया
. अधिष्ठाता देवता साहिब नारायण और नागिन माता मंदिर ग्रामीणों ने डाली नाटी
. 30 साल बाद मंदिर परिसर में मनाया जा रहा ऐतिहासिक पर्व
संवाद न्यूज एजेंसी
सांगला (किन्नौर)।
किन्नौर की पानवी पंचायत में तीन दिवसीय आठारों पर्व मनाया जा रहा है। सोमवार को बाहरी क्षेत्र में ब्याही बेटियों का स्वागत किया। इस पर्व के दौरान ग्रामीणों ने देवता कुलदेव नारायण और नागिन माता के मंदिर के प्रांगण में ढोल-नगाड़ों की थाप पर नाटी डाली। बाहरी क्षेत्र में ब्याही बेटियाें का मायके गांव में आने पर देवता कुलदेव नारायण और नागिन माता के कारदारों ने स्वागत किया। यह मेला 30 साल के बाद मनाया जा रहा है। बीते वर्ष दिसंबर में गांव के इष्ट देवता कुलदेव नारायण और माता नागिन शक्तियां अर्जित करने, गांव की सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली लिए आठारों में बैठे थे। एक साल बाद गांव से बाहर ब्याही जाई-जोतियों को विशेष निमंत्रण भेजकर बुलाया गया है। पर्व के दौरान दिनभर वाद्ययंत्रों की धुनों पर ग्रामीण नाचते-गाते रहे। देवता और देवी के सानिध्य में पौराणिक एवं ऐतिहासिक किन्नौरी कायंग का दौर चला। कुलदेव नारायण के पुजारी पवन नेगी, मुखिया देवी सिंह नेगी, भंडारी दिशांत नेगी कायथ, हरीश नेगी, महावीर नेगी, सुरेंद्र नेगी, हिम्मत नेगी, नागिन माता के मुखिया हुकम चंद नेगी, मोतमीन यशवंत सिंह नेगी, भंडारी सुमित नेगी, पुजारी जीत सिंह नेगी, पुजारी रियांश नेगी, कारदार छैरिंग पालजौर नेगी, दयानंद नेगी, विजय सिंह नेगी और किशोरी नेगी ने बताया कि आठारों पर्व मंदिर परिसर में हर्षोल्लास से मनाया जा रहा है।