रोहड़ू में प्रेस वार्ता करते लोक सभा सांसद सुरश कश्यप
कहा-प्रदेश सरकार ने ढाई वर्ष के कार्यकाल में डेढ़ हजार संस्थानों को किया बंद
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहड़ू। जुब्बल-कोटखाई और रोहड़ू विधानसभा क्षेत्र में भी पीएमजीएसवाई के तहत ही सड़कें बनाई जा रही हैं। पीएमजीएसवाई की सड़क को स्वीकृत करने में स्थानीय विधायक का कोई योगदान नहीं रहता है। सांसद की संस्तुति से ही केंद्र सरकार सड़कों को पीएमजीएसवाई में स्वीकृत करती है। यह बात लोकसभा सांसद सुरेश कश्यप ने रोहड़ू में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अधिकांश सड़कों का निर्माण प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत हाे रहा है। पीएमजीएसवाई चरण-3 में 2,700 करोड़ रुपये केंद्र सरकार ने हिमाचल को दिए। अब पीएमजीएसवाई के चौथे चरण का कार्य शुरू हाेना है। इसमें क्षेत्र की सैकड़ों सड़कें स्वीकृत की जाएंगी। सांसद ने कहा कि ढाई साल के कार्यकाल में प्रदेश सरकार ने 35 हजार करोड़ रुपये का कर्ज ले लिया है। इसके बावजूद विकास कार्य ठप हैं। प्रदेश सरकार ने 35 वर्षों से चल रहे स्कूलों को भी बंद कर दिया है। डेढ़ हजार स्कूलों को बंद करने का काम प्रदेश सरकार ने किया है, लेकिन एक भी नया संस्थान कांग्रेस सरकार ने नहीं खोला है। अस्पतालों में स्वास्थ्य व्यवस्था चरमराई हुई है। मरीजों से पर्ची का भी शुल्क लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विमल नेगी मामले में प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में हैं। उन्होंने कहा कि भारत में अवैध रूप से आने वाले सेब और लहसुन को रोकने का मामला केंद्र सरकार के समक्ष उठाया जा रहा है। वहीं, तुर्की के सेब पर प्रतिबंध लगाने की मांग भी केंद्र के समक्ष रखी जाएगी। इस मौके पर भाजपा नेता शशिबाला भी उपस्थित रही।