लोकसभा चुनाव में कांग्रेस और सीपीआईएम ने जमकर उछाला विदेशी सेब का मुद्दा
संवाद न्यूज एजेंसी
राेहड़ू। बागवानों के प्रति केंद्र सरकार की उदासीनता सेब बाहुल्य क्षेत्र में भाजपा को भारी पड़ गई। जिस कारण हिमाचल के सबसे बढ़े सेब बाहुल्य क्षेत्र जुब्बल- कोटखाई और रोहड़ू में भाजपा को मुंह की खानी पड़ी। भाजपा दोनों विधानसभा क्षेत्रों में बढ़त बनाने में कामयाब नहीं हो सकी। लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस और सहयोगी दल सीपीआईएम ने बागवानों की अनदेखी का मुद्दा जमकर उछाला। विदेशी सेब पर आयात शुल्क न बढ़ाने के लिए मोदी सरकार को जमकर कोसा। विदेशी सेबों से हिमाचल सेब उद्योग पर पड़ रहे असर को लेकर क्षेत्र में पर्चे बांटे गए, जिसका नतीजा भाजपा को लोकसभा चुनाव में भुगतना पड़ा। शिमला संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस को सबसे अधिक लीड देने वाली विधानसभा क्षेत्र रोहड़ू बना, वहीं जुब्बल-कोटखाई विधानसभा क्षेत्र से भी कांग्रेस लीड लेने में कामयाब रही। वहीं, साथ लगते चौपाल विधानसभा क्षेत्र से भाजपा को लीड तो मिली, लेकिन भाजपा की लीड उम्मीद से काफी कम रही। विदेशी सेब के चलते इस वर्ष सीए स्टोर में रखे सेब पर भी हिमाचल के बागवानों को काफी नुकसान उठाना पडा। इसके चलते भी बागवानों में रोष रहा।