विभाग और ठेकेदार की लापरवाही को लेकर ग्रामीणों में रोष, आंदोलन की दी चेतावनी
आरोप, ठेकेदार ने नियम दरकिनार कर मिट्टी और गोबर पर कर दी टारिंग
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। आजादी के सात दशक के बाद रामपुर उपमंडल की दुर्गम पंचायत काशापाट सड़क सुविधा से जुड़ पाया है। ग्रामीणों का सड़क सुविधा का सपना काफी जदोजहद के बाद पूरा हुआ। वर्तमान में सड़क की टारिंग का काम किया जा रहा है, जिसमें लोगों ने लापरवाही बरतते हुए अनियमितताएं बरतने के आरोप लगाए हैं। लोगों का कहना है कि बामुश्किल क्षेत्र के लोगों को पक्की सड़क की सुविधा मिल रही है लेकिन लोक निर्माण विभाग और ठेकेदार की लापरवाही को कारण कार्य की गुणवत्ता के साथ खिलावाड़ किया जा रहा है। लोगों का आरोप है कि ठेकेदार ने नियमों को दरकिनार कर गोबर और मिट्टी पर ही टारिंग कर दी हैं। इस वजह से टारिंग अभी से ही उखड़ने लगी है। उन्होंने चेताया कि अगर सड़क पर दोबारा टारिंग नहीं की गई तो वे आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। गौर हो कि रामपुर उपमंडल की सबसे दुर्गम और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों वाली काशापाट पंचायत के लिए लंबे अरसे बाद सड़क का निर्माण किया गया है। चट्टानों को काटकर सड़क बनाने में कई वर्ष लग गए। सड़क निर्माण कर करोड़ों की राशि खर्च की गई और सात दशक के बाद पंचायत सड़क सुविधा से जुड़ पाई। सड़क सुविधा मिलते ही ग्रामीणों की आंखों में खुशी के आंसू छलके और उन्होंने राहत की सांस ली थी। इन दिनों दामणी से कंडी तक करीब दो किलोमीटर सड़क पर टारिंग का कार्य चल रहा है, लेकिन लोगों का आरो है कि ठेकेदार नियमों को ठेंगा दिखाकर टारिंग का काम कर रहा है। स्थानीय निवासी कुलदीप ठाकुर, राकेश ठाकुर, सुरेश ठाकुर, जय ठाकुर और जोगिंद्र ठाकुर सहित अन्यों ने कहा कि सड़क पर टारिंग का कार्य चल रहा है, लेकिन ठेकेदार की लापरवाही के कारण गोबर और मिट्टी पर टारिंग की जा रही है। उन्होंने कहा कि विभाग भी इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। उन्होंने कहा कि दशकों बाद लोगों का सड़क सुविधा का सपना पूरा तो हुआ है, लेकिन सड़क पर टारिंग कार्य उचित तरीके से नहीं हो रहा है। ग्रामीणों ने चेताया कि अगर सड़क पर दोबारा टारिंग नहीं की गई तो लोग आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
कोट्स
सड़क पर थोड़े से पेच में गोबर को हटाया नहीं गया है। ठेकेदार को फिर से टारिंग करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
शोभा राम, सहायक अभियंता, लोक निर्माण विभाग तकलेच