निर्माणाधीन लूहरी परियोजना के प्रभावितों की नीरथ में आयोजित हुई बैठक में सरकार, प्रशासन और एसजेवीएनएल के रवैये पर जताया रोष
सरकार, प्रशासन और एसजेवीएनएल के वादे हो रहे झूठे साबित : राकेश सिंघा
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। निर्माणाधीन लूहरी परियोजना के प्रभावित लंबे समय से अपने हकों की लड़ाई लड़ने को मजबूर हैं। इसके बावजूद परियोजना से प्रभावितों को न तो रोजगार दिया जा रहा है और न ही प्रदूषण से पर्यावरण को होने वाले नुकसान और घरों में आईं दरारों का मुआवजा मिला है। सरकार, प्रशासन और एसजेवीएनएल के वादे झूठे साबित हो रहे हैं। नीरथ में आयोजित बैठक में प्रभावितों ने समस्याओं और मांगों पर चर्चा करते हुए रोष जाहिर किया। किसान सभा के राज्य सचिव राकेश सिंघा ने कहा कि सरकार, प्रशासन और एसजेवीएनएल के सभी वादे झूठे साबित हाे रहे हैं। बुधवार को बैठक में परियोजना प्रभावित पंचायतों के लोगों की मांगों और समस्याओं के मुद्दे जोरशोर से उठे। डॉ. ओंकार शाद, जिला सचिव पूर्ण ठाकुर, प्रेम चौहान, देवकी नंद, हरदयाल कपूर, राजा राम, कृष्णा राणा, रुचिका राठौर, हिमना जोशी, काकू कश्यप, निशा बघेट, पदम, ओम प्रकाश और श्याम दत्त ने बैठक को संबोधित किया। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि परियोजना के निर्माण के समय सरकार, प्रशासन और एसजेवीएनएल ने प्रभावित पंचायतों की जनता से जो वादे किए थे, वे अभी तक पूरे नही किए हैं। आज भी लोगों को प्रदूषण का पैसा नहीं मिला है, रोजगार नहीं दिया जा रहा है, दरारों का मुआवजा नहीं मिला है और लाडा का पैसा भी खर्च नही किया जा रहा है। किसान सभा ने प्रदेश सरकार, प्रशासन और एसजेवीएनएल से मांग की कि सभी पंचायतों को प्रदूषण से हुए नुकसान का मुआवजा दिया जाए। मकानों में आई दरारों का मुआवजा, सिंचाई के लिए प्रभावित पंचायतों में व्यवस्था की जाए, नौजवानों को रोजगार दिया जाए, लाडा का पैसा विकास कार्यों पर खर्च हो और जमीन का मुआवजा सभी को बराबर दिया जाए। बैठक में फैसला लिया कि अगर मांगें पूरी नहीं की गई तो दो फरवरी को बिथल में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए गांव-गांव में बैठकें आयोजित कर ग्रामीणों को संगठित किया जाएगा। इस मौके पर शिक्षा, जोगिंद्र, दौलत राम, किशन, कमलेश, लोभी, करिश्मा, रक्षा देवी, रुमी देवी, मीना देवी, हरीश, रिंपी देवी, रीमा देवी, जयचंद और रविंद्र सहित अन्य लोग मौजूद रहे।