वर्ष 2010-11 की करीब चार करोड़ मुआवजा राशि नहीं बांट पाया प्रशासन, नौ फरवरी को निरमंड में एसडीएम कार्यालय के बाहर गरजेंगे प्रभावित
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। 412 मेगावाट की रामपुर परियोजना प्रभावित पंचायतों की मांगों को लेकर पांच फरवरी को होने वाला प्रदर्शन अब नौ फरवरी को होगा। यह प्रदर्शन निरमंड एसडीएम कार्यालय के बाहर किया जाएगा। हिमाचल किसान सभा निरमंड खंड के अध्यक्ष देवकी नंद, सचिव पूर्ण ठाकुर और रणजीत ठाकुर ने जारी संयुक्त बयान में यह बात कही। उन्होंने कहा कि यह परियोजना 2014 में बनकर तैयार हो गई है लेकिन अभी भी परियोजना प्रभावित पंचायतों के लोगों को प्रदूषण का मुआवजा 2010-11 के बाद नहीं मिला है। वहीं जो एक प्रतिशत राशि प्रभावित परिवारों को मिलनी थी, वह राशि भी पिछले दो से तीन वर्षों से नहीं मिली है। इसके साथ क्षेत्र के युवाओं को भी रोजगार नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना प्रभावित पंचायत के लोगों के साथ धोखा है। प्रदूषण का 2010-11 का मुआवजा करीब चार करोड़ बनता है, वह भी प्रशासन द्वारा बांटा नहीं गया है। जबकि वर्ष 2011-12, 2012-13 का अभी तक आकलन तक नहीं किया गया है। किसान सभा ने प्रदेश सरकार और प्रशासन से मांग उठाई कि जल्द परियोजना प्रभावित पंचायतों के लोगों को प्रदूषण का मुआवजा, एक प्रतिशत रॉयल्टी और स्थानीय युवाओं को परियोजना में रोजगार दिया जाए। उन्होंने कहा कि नौ फरवरी को होने वाले प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए गांव-गांव में बैठकें आयोजित की जा रही हैं।