आग से वन संपदा को पहुंचा भारी नुकसान, क्षेत्र के लोग आग पर काबू पाने में जुटे
संवाद न्यूज एजेंसी
नित्थर (कुल्लू)। उपतहसील नित्थर की ग्राम पंचयात नित्थर के जंगल पिछले दो दिनों से आग से दहक रहे हैं। इससे बहुमूल्य वन संपदा को नुकसान पहुंचा है। जंगल में फैली आग से दर्जनों देवदार के पेड़ों जल गए हैं। सबसे ज्यादा नुकसान देवदार के छोटे पौधों को पहुंचा है, जो की इस आग में पूरी तरह से जलकर राख हो गए हैं। इन पौधाें को कड़ी मेहनत से महिला मंडलों के सहयोग से वन विभाग ने रोपा था। हालांकि कुछ पौधों को बचाने में स्थानीय गांव के लोग सफल हुए हैं। गौर हो कि इन दिनों नित्थर उपतहसील के जंगलों में आग फैली हुई है। तांदी, कुटल और केउरी के जंगल में भयंकर आग के कारण लाखों की वन संपदा सहित वन्य प्राणियों और जीव जंतुओं को खासा नुकसान पहुंचा है। नित्थर में फैली आग पर काबू पाने में स्थानीय गांव तांदी, कुटल कफटा, ढमाह, केउरी के ग्रामीण और जिज्ञासा फाउंडेशन के अध्यक्ष प्रदीप रंगून और उनकी टीम ने रातभर कड़ी मेहनत की। हालांकि आग पर कुछ हद तक काबू पा लिया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है वन विभाग अग्निशमन विभाग की गाड़ी को बुला सकती थी, क्योंकि यह आग नित्थर आनी सड़क के ऊपर और निचली तरफ लगी है। आग पर काबू पाने में रिंकू, संदीप, छोटू, आशीष, मुकेश, पप्पू, अजय सहित अन्य युवाओं ने अहम भूमिका निभाई। डीएफओ लूहरी चमन राव ने बताया कि वन विभाग लगातार प्रयास कर रहा कि आग की घटनाओं में कमी लाई जाए, लेकिन शरारती तत्व बार-बार घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। इस आग पर ग्रामीणों की मदद से काबू पा लिया गया है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि जंगलों में आग लगाने वालों पर नजर बनाए रखें और जंगल में आग फैलने पर विभाग को सूचित करें।