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Rampur Bushahar News: बिना गुरु डॉक्टर बनने का सपना कैसे होगा साकार

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नित्थर स्कूल में वर्षों से नहीं विज्ञान विषय के शिक्षक, छात्र दूसरे स्कूलों में दाखिला लेने को मजबूर
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दस माह से सिर्फ बायोलॉजी की लग रही कक्षाएं, असमंजस में विद्यार्थी

संवाद न्यूज एजेंसी

नित्थर (कुल्लू)। प्रदेश सरकार ग्रामीण इलाकों में बेहतर और गुणात्मक शिक्षा मुहैया करवाने के दावे और घोषणाएं लगातार कर रही हैं लेकिन ग्रामीण इलाकों में आज भी शिक्षकों की कमी हजारों विद्यार्थियों के भविष्य पर भारी पड़ रही है। कुछ ऐसी ही कहानी शहीद डोला राम वरिष्ठ विद्यालय नित्थर की है। यहां बीते कई वर्षों से विज्ञान विषय के अध्यापक नहीं है। ऐसे में डॉक्टर और इंजीनियर बनने का सपना लेकर मेडिकल और नॉन मेडिकल में दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों को बिना शिक्षकों के निराश होना पड़ रहा है। आलम यह है कि बीते दस माह से स्कूल में सिर्फ बायोलॉजी विषय की ही कक्षाएं लग रही हैं, जबकि अन्य विषयों के अध्यापकों के पद खाली पड़े हैं। बिना अध्यापकों के विद्यार्थी दूसरे विद्यालयों में दाखिला लेेने को मजबूर हैं, जबकि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्रों को विज्ञान विषय की पढ़ाई करना मुश्किल हो गया है। निरमंड विकास खंड की करीब आधा दर्जन पंचायत के मुख्यालय उप तहसील नित्थर में विज्ञान विषय के शिक्षकों के पद लंबे समय से खाली चल रहे हैं। ऐसे में उपतहसील के विद्यार्थी और उनके अभिभावक भविष्य को लेकर चितिंत हैं। विज्ञान संकाय में दस महीनों से भी अधिक समय से केवल बायोलॉजी की ही कक्षा लग रही है। अभिभावकों का कहना है की वे न तो निजी स्कूलों की महंगी फीस दे सकते हैं और न ही बाहर किसी और स्कूल में बच्चों को पढ़ा सकते हैं। बीते वर्ष भी स्कूल में शिक्षकों की कमी के कारण विद्यार्थियोंं को विज्ञान की पढ़ाई के लिए यहां से दस किलोमीटर दूर तांदी स्कूल जाना पड़ा था। इस वर्ष भी कई विद्यार्थी नित्थर स्कूल को छोड़ चुके हैं। स्कूल में विज्ञान संकाय बंद होने की कगार पर है। अब स्कूल ग्यारहवीं कक्षा में छह और बारहवीं कक्षा में सिर्फ दो विद्यार्थी ही बचे हैं। स्कूल में फिजिक्स, केमिस्ट्री, गणित और आईटी शिक्षक के पद लंबे समय से रिक्त पड़े हैं। विद्यार्थियों के अभिभावक चंद्रपाल शर्मा, संदेशानंद, दीवान चंद, रमेश, रतन शर्मा, बेला देवी, नीनू शर्मा, रूचि शर्मा, विपिन कुमार, सोमदत्त और डोलाराम सहित अन्यों ने प्रदेश सरकार और शिक्षा विभाग से स्कूल में जल्द खाली शिक्षकों के पद भरने की मांग की है। स्कूल के प्रधानाचार्य धर्मपाल ने बताया कि स्कूल में शिक्षकों के रिक्त पद से छात्रों को शिक्षा से वंचित रहना पड़ रहा है। स्कूल में सुविधाओं की कोई कमी नहीं है। स्कूल में स्मार्ट क्लास रूम और आईटी की अच्छी लैब है लेकिन कंप्यूटर शिक्षक का पद पांच वर्ष से रिक्त पड़ा है। आनी के विधायक लोकेंद्र कुमार ने बताया कि एसएमसी के माध्यम से एक प्रस्ताव उन्हें दें। वह इस पर कड़ा संज्ञान लेंगे।
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