फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rampur Bushahar News: चेबड़ी में लाखों की लागत से बने टैंकों में होता पानी तो बच जाती लाखों की संपत्ति

विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

रोहड़ू। झड़ग पंचायत के चेबड़ी में लाखों की लागत से बने टैंकों में पानी होता तो विगत दिनों हुई आग की घटना में लाखों की संपत्ति राख न होती। स्थानीय लोगों के मुताबिक टैंकों में पानी न होने से लोगों को बगीचों और गोशाला में लगी आग बुझाने में कड़ी मशक्कत का सामना करना पड़ी। पंचायत में प्रदेश सरकार ने लाखों की लागत से सिंचाई के लिए पानी के टैंक बनाए हैं, लेकिन टैंकों में पानी की अनियमित आपूर्ति होने के कारण वर्तमान में यह टैंक खाली पड़े हैं। इसको लेकर ग्रामीणों में सरकार और विभाग के प्रति भारी रोष है। जुब्बल तहसील के तहत झड़ग पंचायत के चेबड़ी गांव में बुधवार दिन के समय आग लगने से जंगल के समीप घासनी में आग लगने से आग फैलते हुए रिहायशी क्षेत्रों तक जा पहुंची। इस घटना में गोशाला जलने से एक गाय जिंदा जल गई। लोगों ने किसी तरह से एक घर को जलने से बचाया लेकिन अग्निकांड में सेब और नाशपाती के करीब सात सौ फलदार पौधे जल कर राख हो गए। ग्रामीणों का कहना है कि अगर टैंकाें में पानी होता तो नुकसान को कम किया जा सकता था। झड़ग पंचायत के प्रधान अशोक सारटा ने बताया कि जल शक्ति विभाग की ओर से उनकी पंचायत में सिंचाई के लिए कई टैंक बनाए गए हैं। विभाग ने जबसे टैंक बनाए उसके बाद आज तक उसमें पानी नहीं भरा गया है जबकि पाइप लाइनें बिछ चुकी हैं। उन्होंने कहा अगर पानी होता को लोगों का लाखों का नुकसान बचाया जा सकता था। सूचना के बाद लोग बड़ी संख्या में आग पर काबू पाने के लिए मौके पर मौजूद थे। पानी के बिना आग पर काबू पाना ग्रामीणों के लिए संभव नहीं था। उन्होंने कहा कि जलशक्ति विभाग से टैंकों तक पानी पहुंचाने के लिए पंचायत की ओर से पहले भी कई बार आग्रह किया जा चुका है। उन्होंने मांग की कि गांव में खाली पड़े टैंकों को भरने के लिए विभाग की ओर से पानी की आपूर्ति सुचारू करने की व्यवस्था की जाए। उन्होंने चेताया कि अगर विभाग की ओर से टैंकों में समय पर पानी उपलब्ध नहीं करवाया गया तो मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें