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Rampur Bushahar News: झाकड़ी में संविदा कर्मचारियों का प्रदर्शन 15वें दिन भी रहा जारी

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झाकड़ी में मांगों को लेकर प्रदर्शन करते संविदा कर्मचारी। स्रोत : यूनियन।
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. परियोजना में श्रम कानूनों और श्रमिकों के अधिकारों की जा रही अनदेखी : यूनियन
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संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। लंबित मांगों को लेकर झाकड़ी परियोजना के संविदा कर्मचारियों का प्रदर्शन लगातार जारी है। बारिश होने के बावजूद भी कामगारों का प्रदर्शन 15वें दिन भी जारी रहा। धरने को यूनियन अध्यक्ष राजकुमार, महासचिव कामराज, उपाध्यक्ष गुरदास और यूनियन सदस्य खुशीराम ने संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि परियोजना में श्रम कानूनों और श्रमिकों के अधिकारों की लगातार अनदेखी की जा रही है। यूनियन नेताओं ने आरोप लगाया कि सितंबर 2025 का ईपीएफ अंशदान आज तक मजदूरों के खातों में जमा नहीं किया गया है। राइजिंग डे कार्यक्रम के दौरान 200 रुपये के कूपन के बदले 70-80 कर्मचारियों को दो घंटे के ओवरटाइम के नाम पर प्रोत्साहन राशि दी गई, जबकि परियोजना में 545 संविदा कर्मचारी कार्यरत हैं। यूनियन का कहना है कि इस प्रकार का व्यवहार सभी कर्मचारियों के साथ समानता के सिद्धांत के अनुरूप नहीं है। यूनियन ने बताया कि मार्च 2026 में प्रबंधन को दिए गए मांगपत्र पर आज तक कोई वार्ता शुरू नहीं की गई है। साथ ही 28 अगस्त 2025 को श्रम विभाग की उपस्थिति में हुए समझौते के अनुसार तीन महीने के भीतर ग्रेच्युटी नीति लागू करने, सभी पात्र कर्मचारियों को ग्रेच्युटी देने और कार्य के आधार पर पद, वेतन निर्धारित करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन आज तक इन बिंदुओं पर अमल नहीं हुआ है। यूनियन का कहना है कि सेवानिवृत्त हो चुके कई संविदा कर्मचारियों को अब तक ग्रेच्युटी का भुगतान नहीं किया गया है। सेवानिवृत्ति के समय कोई अन्य सुविधा भी उपलब्ध नहीं कराई जा रही है। यूनियन नेताओं ने प्रबंधन से शीघ्र वार्ता कर लंबित मांगों का समाधान करने की अपील की। कहा कि यदि समय रहते वार्ता शुरू नहीं की गई और समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो ट्रेड यूनियन को अपने अधिकारों के तहत आंदोलन के अगले चरण पर विचार करना पड़ेगा। ऐसी स्थिति उत्पन्न होने पर उसकी जिम्मेदारी परियोजना प्रबंधन की होगी।

झाकड़ी में मांगों को लेकर प्रदर्शन करते संविदा कर्मचारी। स्रोत : यूनियन।

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