चौपाल में सड़क हादसे के बाद स्वास्थ्य सुविधाओं पर फूटा गुस्सा
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. वीरवार को हादसे में घायल बच्चों को नहीं मिली एक्सरे और एंबुलेंस सुविधा
. युवाओं ने चेतावनी दी, यदि स्वास्थ्य सुविधाओं में जल्द सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन होगा तेज
संवाद न्यूज एजेंसी
चौपाल (रोहड़ू)। चौपाल में वीरवार को सड़क हादसे में एक स्कूल छात्रा की मौत हो गई और सात छात्र घायल हो गए। घायल छात्रों को जब सिविल अस्पताल चौपाल लाया गया तो न एक्सरे की सुविधा मिली और न ही शिमला स्थित आईजीएमसी रेफर किए जाने पर एंबुलेंस उपलब्ध हो सकी। इसे लेकर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। शुक्रवार को युवा विवेक नेगी की अध्यक्षता में लोगों ने चौपाल बाजार में रोष रैली निकाली। इस रैली में ग्रामीणों के साथ युवा शामिल हुए। उन्होंने प्रदेश सरकार और वर्तमान विधायक को अव्यवस्थाओं के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए नारेबाजी की। गंभीर रूप से घायल छात्रों को उपचार के लिए निजी वाहनों से शिमला ले जाना पड़ा। इस दौरान परिजनों और स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर लोगों में गहरा रोष है। युवाओं ने कहा कि चौपाल एक दुर्गम क्षेत्र है और यहां आपात स्थिति में भी पर्याप्त चिकित्सा सुविधाएं नहीं मिलतीं। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सड़क हादसों और अन्य आपात परिस्थितियों में मरीजों को शिमला रेफर करना मजबूरी बन गया है। इससे बहुमूल्य समय और मरीजों की जान दोनों को खतरा रहता है। स्थानीय लोगों ने कहा कि चौपाल जैसे दुर्गम क्षेत्र में मजबूत स्वास्थ्य व्यवस्था होना बेहद जरूरी है, ताकि आपात स्थिति में लोगों को समय पर उपचार मिल सके। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से चौपाल अस्पताल में पर्याप्त चिकित्सक, आधुनिक जांच सुविधाएं, एक्सरे मशीन और पर्याप्त एंबुलेंस उपलब्ध करवाने की मांग की। युवाओं ने चेतावनी दी कि यदि स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत सुविधाओं में जल्द सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। हादसे में छात्रा की मौत के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है। वहीं, घायल छात्रों के परिजनों में अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर नाराजगी है।
हादसे में छात्रा की मौत, घायलों को अस्पताल में नहीं मिली सुविधाएं नही मिलने पर युवाओं ने निकाल