रिकांगपिओ अस्पताल प्रशासन सतर्क, 10 बेड का स्पेशल आइसोलेश्न वार्ड बनाया
पांच-छह दिन से खांसी, जुकाम और बुखार हो तो तुंरत अस्पताल पहुंचे
संवाद न्यूज एजेंसी
रिकांगपिओ (किन्नौर)। ह्यूमन मेटान्यूमो वायरस (एचएमपीवी) को लेकर किन्नौर अस्पताल प्रशासन सतर्क हो गया है। क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ में 10 बेड का स्पेशल आइसोलेशन वार्ड बनाया गया है। एचएमपीवी वायरस को लेकर किन्नौर के सारे अस्पतालों में निगरानी और सतर्कता बढ़ा दी गई है। ग्रामीणों को एचएमपीवी वायरस के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है, ताकि ग्रामीणों में दहशत की स्थिति पैदा न हो। मुख्य चिकित्सक अधिकारी किन्नौर डॉ. सोनम नेगी ने बताया कि किन्नौर में इस वायरस को लेकर चिकित्सकों को पूर्ण जानकारी है। जिले के अस्पतालों में इसके लिए दवाई और ऑक्सीजन पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। उन्होंने जनता से आग्रह किया है कि किसी भी व्यक्ति को पांच और छह दिनों से सर्दी, खांसी, बुखार और कफ के गंभीर लक्षण हो, तो तुरंत अस्पताल आकर जांच करवाए। यह एक सामान्य वायरस है, जिससे घबराने की आवश्यकता नहीं है। यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में खांसने, छींकने और हाथ मिलाने आदि से फैलता है। डॉ. सोनम नेगी ने उपरोक्त लक्षण होने पर नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच करवाने की सलाह दी है। जिन बच्चों और व्यस्कों को बुखार, खांसी के लक्षण हैं, उनके परिवार वाले मास्क जरूर लगाएं। इसको लेकर केंद्र सरकार और हिमाचल सरकार के स्वास्थ्य सचिव ने सारे अस्पतालों में सतर्कता बढ़ाने के निर्देश जारी किए हैं।