रोहड़ू। प्रदेश सरकार और वन विभाग की ओर से किसानों की जमीन बेदखली के खिलाफ मंगलवार को हिमाचल किसान सभा और हिमाचल सेब उत्पादक संघ ने प्रदर्शन किया। इसमें माकपा के पूर्व विधायक राकेश सिंघा माकपा सहित अन्य कई किसान नेता मौजूद रहे। माकपा के पूर्व विधायक राकेश सिंघा ने कहा कि प्रदेश सरकार व वन विभाग कानूनी प्रक्रिया पूरी किए बिना किसानों की बेदखली कर रहा है। लोगों के अंदर डर का माहौल पैदा हो रहा है। उन्होंने कहा कि परिवार में बंटवारे के चलते प्रदेश में गरीब किसानों के पास इतनी जमीन नहीं कि वो अपना गुजारा कर सकें। 87 फीसदी किसान लघु व सीमांत क्षेत्र के हैं। ऐसे में किसानों-बागबानों को वन संरक्षण अधिनियम में संशोधन कर कम से कम पांच बीघा भूमि दी जाए। उन्होंने कहा कि सरकार व वन विभाग की ओर से की जा रही बेदखली कानूनी प्रक्रिया के तहत नहीं हो रही है। सरासर गरीबों को बेघर करने का काम हो रहा है। उन्होंने कहा कि किसान सभा अधिवेशन में वन संरक्षण अधिनियम 1980 एफसीए में संशोधन की मांग को लेकर रोहड़ू के बस स्टैंड से एसडीएम कार्यालय तक रोष रैली निकाली । उन्होंने एसडीएम रोहड़ू के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेज कर मांग की है कि बेदखली को रोकने के लिए कानून बनाया जाए। यदि सरकार की ओर से पहल नहीं की गई, तो इसके भविष्य में गंभीर परिणाम सामने आने वाले हैं।