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Rampur Bushahar News: पूर्व सैनिक संगठन ने सैनिक कोटे की शराब सीज करने पर जताया रोष

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नेरवा में सैनिक कोटे की शराब सीज करने पर रोष  व्यक्त करते पूर्व सैनिक
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आबकारी विभाग की टीम ने 16 सितंबर को नेरवा की कैंटीन में शराब की 157 पेटियां की थीं सीज
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चौपाल(रोहड़ू)। आबकारी विभाग की ओर से नेरवा के शिहक्यार में सीएसडी कैंटीन पर की गई कार्रवाई पर पूर्व सैनिक संगठन चौपाल, नेरवा, कुपवी ने रोष जताया है। विभाग की टीम ने 16 सितंबर को कैंटीन में सैनिक कोटे की शराब की 157 पेटियां सीज की थीं। मंगलवार को प्रेस वार्ता में कैंटीन इंचार्ज एवं पूर्व सैनिक संगठन चौपाल, नेरवा, कुपवी के महासचिव विजय रथटा ने कहा कि उस दिन शाम 5:00 बजे कैंटीन बंद कर अपने घर चले गए थे। इस दौरान आबकारी विभाग की टीम ने उन्हें रात को घर से बुलाकर कैंटीन में रखी शराब के दस्तावेज मांगे। उन्होंने दूसरे दिन 10:00 बजे तक दस्तावेज उपलब्ध करवाने को कहा, लेकिन विभाग की टीम ने उनकी एक नहीं सुनी और रातोंरात कार्रवाई कर कैंटीन में रखी शराब को सीज कर अपने कब्जे में ले लिया। आर्मी के नियमों के अनुसार, कैंटीन सुबह 10:00 से शाम 5:00 बजे तक ही खुली रहती है। विभाग ने कार्रवाई के नाम पर 5:00 बजे के बाद भी कैंटीन खोलने के लिए बाध्य किया। उन्होंने कहा कि कैंटीन के पास शराब से संबंधित एल 9ए लाइसेंस है, जोकि शिमला स्थित कैंटीन में उपलब्ध रहता है। लाइसेंस की फीस विभाग को हर साल जमा करवाई जाती है। संगठन के अनुसार मोबाइल कैंटीन लाइसेंस के मुताबिक तीन दिन तक शराब को सैनिकों और पूर्व सैनिकों को बेचने के लिए कैंटीन में रखा जा सकता है । 14 सितंबर शाम को शराब नेरवा कैंटीन में पहुंची थी। 15 सितंबर को छुट्टी के चलते कैंटीन बंद थी। लिहाजा, 16 और 17 सितंबर को बिक्री के बाद बचा हुआ कोटा वापस शिमला भेजा जाना था, लेकिन इस बीच आबकारी विभाग ने 16 सितंबर की रात को शराब को सीज कर दिया, जोकि सरासर गलत है। उन्होंने कहा कि नेरवा कैंटीन ने एल 9ए लाइसेंस के लिए आवेदन किया है, लेकिन आबकारी विभाग मंजूरी नहीं दे रहा है। संगठन के प्रधान कैप्टन रतन सिसोदिया, उप प्रधान मान सिंह पोटन, पूर्व प्रधान संत राम भिखटा,नारायण सिंह चौहान, भगत राम टांसटा, डीआर खिमटा, जगदीश सूद, रूप सिंह नारटा, तपेंद्र सिंह, हरी सिंह, अमर लथटा, श्याम सिंह, संत राम, रविंद्र राठौर, जोगी राम और किरपा राम ने कहा कि इस समय सीएसडी कैंटीन नेरवा से 300 सेवारत और इतने ही सेवानिवृत्त सैनिकों को सेवाएं मिल रही हैं। नेरवा में सैनिकों की भावनाओं को देखते हुए सीएसडी कैंटीन नेरवा को एल 9ए लाइसेंस मिलना चाहिए। उन्होंने सैनिक कल्याण मंत्री डॉ. धनीराम शांडिल से मांग की है कि आबकारी विभाग को निर्देश देकर नेरवा कैंटीन को एफएल 9 लाइसेंस जारी करवाया जाए। बीते दिनों आबकारी विभाग की कार्रवाई की उच्च स्तरीय जांच करवाई जाए।
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