विद्युत बोर्ड पेंशनर लंबित मांगों पर बैठक करते हुए: संवाद
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन की हुई बैठक
विद्युत पेंशनर ने लंबित मांगें पूरी न होने पर जताया रोष
. केंद्र और प्रदेश सरकार महंगाई पर रोक लगाने में नाकाम
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर।
हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक फील्ड हॉस्टल रामपुर में हुई। पेंशनर्स फोरम संघ रामपुर, किन्नौर, कुमारसैन, आनी, निरमंड और नित्थर क्षेत्र की त्रैमासिक बैठक की अध्यक्षता अध्यक्ष गोपाल ठाकुर की। बैठक में पेंशनरों ने सरकार की पेंशनरों के लंबित मामलों के उदासीन रवैये पर चिंता जताई और मांगें पूरी न होने पर रोष जताया। उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार महंगाई पर रोक लगाने में नाकाम साबित हो रही है। महंगाई चरम सीमा पर पहुंच चुकी है और पेंशनर इसके बोझ तले दबते जा रहे हैं। संघ के सचिव राकेश शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार ने बिजली पर 3.31 पैसे पर यूनिट के हिसाब से फ्यूल चार्ज लगाने का फैसला लिया है, जो कि उचित नहीं है। इससे बिजली के बिलों में बढ़ोतरी होगी। आम जनता को महंगाई की मार झेलनी पड़ेगी। घरेलू गैस सिलिंडर के दामों में बढ़ोतरी, बिजली दरों में बढ़ोतरी, बिजली पर फ्यूल चार्ज, बाजार में खाने-पीने की वस्तुएं, सब्जी और अन्य खाद्य सामग्री के दाम आसमान छू रहे हैं। पेंशनर लंबे समय से लंबित महंगाई राहत की मांग कर रहे हैं। महंगाई राहत का भुगतान 15 प्रतिशत देय है, लेकिन मुख्यमंत्री कोई निर्णय नहीं ले रहे हैं। सरकार से मांग उठाई है कि कर्मचारी और पेंशनर विरोधी दमनकारी नीति का त्याग कर लंबित मांगों को जल्द निपटारा करें। पेंशनरों ने कहा कि हाल ही में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि पुरानी पेंशन का विरोध नहीं कर रहे हैं। यदि वह पुरानी पेंशन का विरोध नहीं कर रहे हैं, तो अपने मुख्यमंत्री के कार्यकाल में विभिन्न टिप्पणी देते रहे। उनके कार्यकाल में पुरानी पेंशन बहाली को लेकर जोरदार हड़ताल और प्रदर्शन हुए, जिसका बदला उन्होंने कुछ कर्मचारी नेताओं के तबादले कर लिया था। यदि भाजपा पुरानी पेंशन के विरोध में नहीं है, तो इस विषय पर खुलकर सामने आए और मीडिया में प्रेस वार्ता बुला कर समर्थन करें। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली के लिए पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर केंद्र सरकार से पुरजोर आग्रह करें, जिससे बुढ़ापे में सेवानिवृत्त कर्मचारी जिसने अपने जीवन का बहुमूल्य एवं 30 से 35 वर्ष सरकार की सेवा में लगाए, अपना और परिवार का गुजारा कर सकें। चेताया है कि यदि दोनों सरकार पुरानी पेंशन बहाल नहीं करती है तो आगामी चुनावों में इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।वरिष्ठ पदाधिकारी लायक राम ठाकुर ने कहा कि सरकार और बिजली प्रबंधन की ओर से प्रदेश में स्मार्ट मीटर लगाए हैं, उसमें महीने का बिल 200 से 300 रुपये से अधिक आ रहा है। हिमाचल की जनता के साथ अन्याय है। कहा कि स्मार्ट मीटर की जगह स्मार्ट चिकित्सा सुविधा और स्मार्ट शिक्षा सुविधा हिमाचल में देनी चाहिए थी। सरकार इस निर्णय पर विचार कर सही रूपरेखा बनाकर उचित कदम उठाए।