मंडी। चेक बाउंस का अभियोग साबित होने पर अदालत ने एक आरोपी को छह माह के साधारण कारावास और तीन लाख रुपये हर्जाने का फैसला सुनाया है। आरोपी की ओर से हर्जाना राशि निश्चित समय में अदा न करने पर उसे एक माह के अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा भुगतनी होगी। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कोर्ट नंबर एक के न्यायालय ने पधर तहसील के सनेड़ गांव निवासी गुरदास पुत्र देवी सिंह की शिकायत पर निगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट अधिनियम की धारा 138 के तहत चलाया अभियोग साबित होने पर पधर तहसील के पपलाहण (चुक्कु) गांव निवासी सुरेश कुमार को उक्त कारावास और हर्जाने की सजा सुनाई है। अधिवक्ता आरके चावला के माध्यम से अदालत में दायर शिकायत के अनुसार आरोपी ने शिकायतकर्ता से 2,10,000 रुपये की राशि 15 दिन में वापस लौटाने की शर्त पर उधार ली थी, लेकिन आरोपी से जब इस राशि की मांग की गई तो आरोपी ने शिकायतकर्ता को उक्त राशि का एक चेक जारी किया था। शिकायतकर्ता ने जब चेक को भुगतान के लिए लगाया तो आरोपी के खाते में पर्याप्त राशि न होने के कारण यह बाउंस हो गया था। इस पर शिकायतकर्ता ने आरोपी को कानूनी नोटिस भेजकर राशि की मांग की थी, लेकिन इसके बावजूद राशि अदा न करने पर शिकायतकर्ता ने अदालत में शिकायत दर्ज करवाई थी। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि शिकायतकर्ता की ओर से प्रस्तुत दस्तावेजों और साक्ष्य से आरोपी पर विधिक देनदारी के लिए चेक जारी करने और इसके बाउंस होने का अभियोग साबित हुआ है। इसके चलते अदालत ने आरोपी को उक्त कारावास और हर्जाना अदा करने का फैसला सुनाया है।