खाली पदों और कर्मचारियों की सुरक्षा पर भड़का तकनीकी कर्मचारी संघ
डीपीसी की फाइलें मुख्यमंत्री कार्यालय को भेजने के आदेश वापस ले सरकार
सुंदरनगर इकाई के चुनाव भी संपन्न, पवन कुमार बने अध्यक्ष,
संवाद न्यूज एजेंसी
डैहर (मंडी)। हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड तकनीकी कर्मचारी संघ के प्रदेशाध्यक्ष रणवीर सिंह ठाकुर ने कहा है कि पिछले कुछ समय में विद्युत कार्यों के दौरान दुर्घटनाओं और कर्मचारियों की मौत के मामलों में वृद्धि हुई है, जो अत्यंत चिंताजनक है। जोखिमपूर्ण परिस्थितियों में कार्य करने वाले नियमित एवं आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए प्रभावी सुरक्षा उपकरण, आवश्यक प्रशिक्षण तथा उचित मुआवजा नीति तत्काल लागू की जानी चाहिए। साथ ही यात्रा भत्ता नियमों में हाल ही में किए गए संशोधनों के कारण सैकड़ों तकनीकी कर्मचारियों को आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है, जिसे वापस लेने की आवश्यकता है। सुंदरनगर में जारी बयान में संघ के प्रदेशाध्यक्ष रणवीर सिंह ठाकुर ने कहा कि बोर्ड में बड़ी संख्या में पद रिक्त हैं, जिसके कारण मौजूदा कर्मचारियों पर अतिरिक्त कार्यभार बढ़ रहा है और विद्युत सेवाओं के संचालन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। उन्होंने मांग की कि रिक्त पदों को शीघ्र भरा जाए, ताकि कर्मचारियों पर बढ़ते दबाव को कम किया जा सके और कार्य व्यवस्था सुचारु बनी रहे। उन्होंने तकनीकी कर्मचारियों की पदोन्नति प्रक्रिया में किए गए बदलावों पर भी चिंता जताई और कहा कि विभागीय स्तर पर होने वाली डीपीसी फाइलों को मुख्यमंत्री कार्यालय भेजने संबंधी निर्देश वापस लेकर पूर्व व्यवस्था बहाल की जाए, ताकि कर्मचारियों को समय पर पदोन्नति का लाभ मिल सके। इसके साथ ही 2003 के बाद नियुक्त कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) बहाल करने की मांग को भी संघ ने प्रमुख मुद्दों में शामिल किया है। इसी क्रम में सुंदरनगर इकाई के चुनाव भी संपन्न हुए, जिसमें पवन कुमार को अध्यक्ष, यशवंत शर्मा को सचिव, हेम राज को सलाहकार और नरेश को कोषाध्यक्ष चुना गया। वहीं संजीव, कमल और परवीन को उपाध्यक्ष तथा दलीप, मनोज कुमार और रामकृष्ण को संयुक्त सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई। नवनियुक्त अध्यक्ष पवन कुमार ने कर्मचारियों के हितों में कार्य करने का संकल्प व्यक्त किया।