राजनीतिक शुचिता, युवा नेतृत्व और पारदर्शी शासन व्यवस्था पर मंच का जोर
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। गैर-राजनीतिक संगठन हिमाचल उत्थान मंच ने प्रदेश की राजनीतिक व्यवस्था में व्यापक सुधार के उद्देश्य से एक सप्ताह का विशेष जन-जागरूकता अभियान शुरू किया है। अभियान के पहले दिन मंच के संस्थापक सदस्यों अशोक अवस्थी, बीआर कौंडल और प्रवीण कुमार ने मंडी शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों उपायुक्त कार्यालय, घंटाघर परिसर, कोर्ट परिसर और मंडी कॉलेज विद्यार्थियों के बीच पंफ्लेट बांटकर आम जनता को इस मुहिम से जोड़ा। मंच के सदस्यों ने जनता को जागरूक करते हुए कहा कि विधानसभा और लोकसभा में किसी भी जनप्रतिनिधि का कार्यकाल अधिकतम दो बार (10 वर्ष) तय होना चाहिए। इससे राजनीति में भ्रष्टाचार और परिवारवाद पर लगाम लगेगी, क्योंकि सीमित समय होने पर नेता सत्ता का दुरुपयोग कर अपना व्यक्तिगत साम्राज्य खड़ा नहीं कर पाएंगे। इससे युवाओं, महिलाओं और नए ऊर्जावान चेहरों को आगे आने का सुअवसर प्रदान करेगा। संस्थापक सदस्यों ने स्पष्ट किया कि सीमित कार्यकाल होने से जनप्रतिनिधि केवल अगला चुनाव जीतने और वोट बैंक की राजनीति में समय गंवाने के बजाय ठोस व स्थायी विकास कार्यों को प्राथमिकता देंगे।