अमर उजाला ब्यूरो
नगवाईं (मंडी)। नई पीढ़ी को नशे की गर्त में ले जाने वाली अफीम की खेती जिला मंडी के कुछ क्षेत्रों में जोरों पर है। आलम यह है कि सेब बगीचे और निजी कृषि भूमि पर अफीम की खेती लहलहाने लगी है। लिहाजा, पुलिस ने ऐसे लोगों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। जमीन में अफीम के पौधे पाए जाने पर मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस ने जमीन मालिकों पर मामले दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। सोमवार को उन्हें न्यायालय में पेश किया गया जहां से उन्हें 18 मई तक न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। पहले मामले में जब पुलिस की टीम एसएआई जोगिंद्र सिंह की अगुवाई में कसाना में थी तो वहां एक सेब बगीचे में टीम को अफीम के सौ पौधे मिले। सूचना देने पर कानूनगो दीना नाथ और औट सर्किल की पटवारी रीता देवी समेत चौकीदार जीवा नंद मौके पर पहुंचे और जमीन का निरीक्षण किया। रिपोर्ट में बताया गया कि पौधे जिस जमीन पर उगाए गए हैं, उसका मालिक गुलाब सिंह पुत्र कांसी राम निवासी कसाना है। उधर, दूसरे मामले में जब थाना औट की टीम एसएचओ यशवंत सिंह के नेतृत्व में कसाना में मौजूद थी तो एक निजी जमीन पर अफीम के 95 पौधे मिले। सूचना देने पर कानूनगो और सर्किल की पटवारी मौके पर और बताया कि जमीन का मालिक देवी सिंह पुत्र सूरजमणी निवासी कसाना है। पुलिस ने दोनों के विरुद्ध मामले दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। सोमवार को उन्हें न्यायालय में पेश किया गया जहां से उन्हें 18 मई तक न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। पुलिस अधीक्षक गुरदेव चंद ने मामले की पुष्टि की है।