सुंदरनगर (मंडी)। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत अभी तक पूरे देश में लगभग तीन करोड़ छप्पन लाख एलपीजी कनेक्शन जारी किए जा चुके हैं। इस सफलता का अभिनंदन करने के लिए भारत सरकार के दिशा निर्देशों के अनुसार पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय भारत सरकार की ओर से 20 अप्रैल को उज्जवला दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। इस योजना के जिला मंडी नोडल ऑफिसर संजय सिंघल और मैनेजर एलपीजी सेल रवि धीमान ने सुंदरनगर में कहा कि इस मुहिम में मंडी जिले की 27 पंचायतों को शामिल किया गया है। इसमें तहसील मंडी से 11, सुंदरनगर से 10, चच्योट से दो, औट से दो, जोगिंद्रनगर से दो और करसोग से एक पंचायत का नाम शामिल है। केंद्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय सहित अन्य संबंधित वरिष्ठ अधिकारी इस दिन देश के विभिन्न हिस्सों में स्वच्छ पंचायतों में भाग लेंगे। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत प्रत्येक लाभार्थी को एक सिलेंडर, प्रेशर रेगुलेटर और गैस की कॉपी, जिसकी कीमत 1600 रुपये है, जो केवल गैस चूल्हे और गैस की वर्तमान कीमत ही है, अदा करनी होगी। भारत सरकार गैस की कीमत के बैंक खाते में 203.80 रुपये की सबसिडी लौटा देगी। प्रदेश में 152 पंचायतों में योजना का आयोजन किया जा रहा है और इसमें पूरी कोशिश है कि हर पंचायत से 500 महिलाएं शामिल की जाएं। प्रधानमंत्री उज्जवला योजना में लाभार्थियों का चयन बीपीएल परिवारों से होगा, जो कि इनमें से किसी एक श्रेणी के अंतर्गत आते हैं, जिनमें अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति के परिवार, प्रधानमंत्री आवास योजना, ग्रामीण अन्नपूर्णा योजना, वन निवासियों, अधिकांश पिछड़ा वर्ग, चाय और पूर्व चाय उद्यान जातियां शामिल हैं। उन्होंने कहा कि इस योजना का लाभ उठाने के लिए लाभार्थी बीपीएल कार्ड, अनुसूचित जाति- जनजाति प्रमाण पत्र, अंत्योदय योजना का कार्ड, प्रार्थी के दो फोटो, सभी परिवारों के सदस्यों, प्रार्थी के बैंक पासबुक की प्रति, राशन कार्ड की प्रति साथ लाना अनिवार्य है। इस मौके पर रजत सैनी भी उपस्थित रहे।