सुंदरनगर (मंडी)। राज्यस्तरीय नलवाड़ मेले की दूसरी सांस्कृतिक संध्या में पंजाबी गायक मनकीरत औलख ने अपने गीतों से सबको झूमने पर मजबूर कर दिया। उन्होंने एक के बाद एक अपने पंजाबी गीतों की झड़ी लगा दी। मनकीरत औलख को सुनने के लिए शाम छह बजे से ही युवाओं ने पंडाल में अपना स्थान ग्रहण कर लिया था। संध्या में स्थानीय कलाकारों के साथ नटराज डांस अकादमी मंडी और मांडव्य कला मंच के कलाकारों ने भी अपनी प्रस्तुतियों से सबको प्रभावित किया। संध्या का आगाज सूरजमणी के शहनाई वादन के साथ हुआ। जिसके बाद राजकीय बहुतकनीकी उदयपुर और सीसे स्कूल जयदेवी के कलाकारों ने अपना कार्यक्रम प्रस्तुत किया। शाम करीब साढ़े आठ बजे पंजाबी गायक मनकीरत औलख ने मंच संभाला। जिसके बाद उन्होंने अपने कार्यक्रम की शुरुआत हुंदे ने जुगाड़ी बड़े जट्ट बलिये, सात साल हो गये तैनूं छड़ के गए नू, मुंडे जट्टा दे बिगाड़ दित्ते कुड़िए शहर चंडीगढ़ ने, मेरी नाल दियां हो गइयां सारियां सोरे वालियां, रातीं 12 बजे हुंदी ठाह ठाह, 16वां भी टपेया, 17वां भी टपेया, 18वें मुंडा बदनाम हो गया, मरजाणेया नी टूटपौणेया सहित अनेक गीत प्रस्तुत किए। जिन पर युवाओं ने खूब धमाल मचाया और जमकर डांस किया। इससे पूर्व दूसरी संध्या का आगाज नाचन के विधायक विनोद कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस मौके पर राज्यस्तरीय मेला कमेटी के अध्यक्ष एवं एसडीएम राहुल चौहान ने उन्हें टोपी, शॉल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।