बलद्वाड़ा (मंडी)। गत दिनों धर्मशाला में हुए चुनाव में मेजर मनकोटिया को अध्यक्ष बनाए जाने को लेकर प्रदेश ऑनरेरी कमीशन अफसर कल्याण एसोसिएशन ने ऐतराज जताया है। एसोसिएशन ने इसे असंवैधानिक, अलोकतांत्रिक बताया है। एसोसिएशन के प्रदेशाध्यक्ष सेवानिवृत्त कैप्टन जगदीश वर्मा ने बताया कि यह चुनावी प्रक्रिया रजिस्ट्रेशन ऑफ सोसाइटी एक्ट 1860 का सीधा उल्लंघन है। हिमाचल प्रदेश के कई ऑनरेरी अफसरों ने जो लीग के सदस्य हैं, उन्होंने शिकायत की है कि न तो चुनावों की घोषणा की गई और न ही नामांकन पत्र भरने व नामांकन पत्र वापस लेेने की तिथि घोषित की। मात्र एक ही दिन में असंवैधानिक तरीके से मेजर मनकोटिया को प्रदेशाध्यक्ष चुन लिया गया। कल्याण एसोसिएशन ने आरोप लगाया कि किसी भी सोसाइटी के हर दो साल बाद चुनाव होने चाहिए। इसे किन्हीं कारणों से ज्यादा से ज्यादा तीन सालों तक बढ़ाया जा सकता है। दिल्ली में इंडियन पूर्व सैनिक लीग को कोई अधिकार नहीं है कि वह इस अवधि को पांच वर्षों तक बढ़ा दे। इस तरह से चुनाव कराने का परिणाम है कि पिछले 34 वर्षों से एक ही प्रदेशाध्यक्ष है, दूसरों को मौका ही नहीं मिलता। उन्होंने कहा कि मेजर मनकोटिया इतने वर्षों तक हिमाचल प्रदेश में एक सीएसडी डिपो तक नहीं खुलवा सके। अभी भी प्रदेश के पूर्व सैनिकों की कैंटीन में सामान जालंधर, पठानकोट व अंबाला से महंगे दामों पर लाना पड़ता है। कैप्टन जगदीश ने कहा कि इस अलोकतांत्रिक चुनाव के बारे में एसोसिएशन रजिस्ट्रार ऑफ सोसाइटी हिमाचल प्रदेश शिमला से शिकायत करेगी। यदि आवश्यकता पड़ी तो इस के खिलाफ न्यायालय में भी गुहार लगाई जाएगी।