सैंज (कुल्लू)। जिला स्तरीय लक्ष्मी नारायण सैंज मेला-2026 के आयोजन को लेकर घाटी में सरगर्मियां तेज हो गई हैं। मेले को ऐतिहासिक और भव्य रूप देने के लिए मेला कमेटी ने अपनी तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। इस बार मेले में वॉयस ऑफ सैंज नहीं होगा। मेला कमेटी के अध्यक्ष राजेश वशिष्ठ ने बताया कि इस वर्ष मेले के स्वरूप में बदलाव किया गया है। पिछले कई वर्षों से आयोजित होने वाला लोकप्रिय गायन मुकाबला वॉयस ऑफ सैंज नहीं होगा। इसकी जगह पर स्थानीय लोक कलाकारों और नवोदित प्रतिभाओं को सीधे मंच प्रदान किया जाएगा। हालांकि, मंच पर प्रस्तुति देने के लिए कलाकारों को पहले अपना आवेदन जमा कर पंजीकरण करवाना होगा। कमेटी ने स्थानीय जनता और संस्थाओं से स्वेच्छा से सहयोग राशि देने की अपील की है। कमेटी का मुख्य उद्देश्य है कि मेले में पारंपरिक उत्सव के माध्यम से सैंज घाटी की अनमोल सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखना है।