रोहतांग (लाहौल-स्पीति)। जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति की सिस्सू पंचायत में जगदंग पूणा का एक अलग ही महत्व माना जाता है। राजा घेपन स्थली होने के कारण यहां देवी-देवताओं को समर्पित पूणा उत्सव को लेकर लोगों में खासी उत्सुकता रहती है। बुधवार को कोरतुम पूजा से जगदंग पूणा का आगाज हो गया है। इससे सिस्सू, जगदंग और यंगलिंग के ग्रामीणों के साथ राजा घेपन के गूर टशी और बजंतरी ने सुबह ही देवस्थल यंगलिंग थान में राजा घेपन की पूजा की। राजा घेपन के कपाट खुलने के बाद पहली बार बजंतरियों देव राग बजाया। वहीं आने वाले साल में संपूर्ण सुख सुविधा मिले, इसको लेकर भी प्रार्थना की गई। उसके बाद सभी लोग जगदंग गांव में एकत्रित हुए और यंगलिंग के ग्रामीणों ने सभी घरों से एक-एक केतली जौ से बनी छांग और जौ के पक्के दाने में मक्खन मिलाकर राजा घेपन को शगुन अर्पित किया। इसके अलावा पारंपरिक धनुषबाण से तीर चलाए गए। इस देव परंपरा को निभाने के बाद सभी को प्रसाद बांटा गया। सिस्सू पंचायत के पूर्व प्रधान जगदीश कटोच ने बताया कि कोरतुम के बाद 22 फरवरी को पोपूणा मनाया जाएगा। इसमें राजा घेपन की पूजा अर्चना की जाएगी। देवलु शेर चंद ने बताया कि 23 फरवरी को लमोही उत्सव के दिन देवता गूर के माध्यम से सालभर की भविष्यवाणी करेंगे। इसको लेकर भी लोगों को खासा इंतजार रहता है।