कुल्लू। ढालपुर के अस्थायी शिविर में विराजमान देवी-देवताओं के दर्शन के लिए शुक्रवार को हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। दशहरा के अंतिम दिन शनिवार को देवी-देवता अपने देवालयों की ओर रवाना हो जाएंगे। ऐसे में देवताओं के दर्शन का शुक्रवार को आखिरी मौका था। सुबह 7:00 बजे देवताओं की पूजा-अर्चना होने के बाद श्रद्धालुओं के दर्शन का सिलसिला शुरू हुआ, जो देर शाम तक जारी रहा। शुक्रवार को अन्य दिनों के मुकाबले ज्यादा भीड़ नजर आई।
कुल्लू जिले में देवी-देवताओं के महाकुंभ में 300 देवी-देवता आए हैं। देवी-देवताओं को वापस देवालय तक ले जाने के लिए देवलू भी ढालपुर मैदान में पहुंच चुके हैं।ढालपुर स्थित देवता जुआणी महादेव से देवमिलन के लिए सिमसा के देवता कार्तिक स्वामी पहुंचे। दोनों देवताओं का भव्य देवमिलन हुआ। इस दौरान बारी के देवता गौहरी भी अस्थायी शिविर में मौजूद रहे। शाम करीब चार बजे तीनों देवता लाव-लश्कर के साथ मोहल्ला के लिए निकले। संवाद