शिंकुला दर्रा में हिमस्खलन सुरक्षा प्रणाली का संयुक्त निरीक्षण करती टीम।
केलांग/उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। दारचा-शिंकुला सामरिक महत्व के मार्ग पर बीआरओ योजक परियोजना के अधीन 126 आरसीसी हिमस्खलन सुरक्षा प्रणाली का निर्माण करने जा रही है। इसके बनने से मार्ग की सुरक्षा के साथ-साथ यात्रा करने वाले लोगों की हिमखंड से जान बचाई जा सकेगी।
इसी सिलसिले में शुक्रवार को वनमंडलाधिकारी केलांग अनिकेत वानवे, तहसीलदार लाहौल नरेंद्र शर्मा, 126 आरसीसी के ओआईसी सिद्धार्थ देशमुख, बीआरओ कंसल्टेंट पवन शर्मा और कानूनगो राकेश की संयुक्त टीम ने मौके का निरीक्षण किया। वनमंडलाधिकारी अनिकेत वानवे ने कहा हिमाचल की सरहद में वन भूमि पर दारचा-शिंकुला मार्ग में 32 किमी ऊपर का हिमस्खलन सुरक्षा प्रणाली निर्माण किया जाना है।
शुक्रवार को राजस्व, वन और बीआरओ की टीम ने मौके का संयुक्त निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि शिंकुला दर्रे पर ईको टूरिज्म के तहत प्रस्तावित संरचनात्मक ढांचे का संयुक्त निरीक्षण किया गया। इस संरचनात्मक ढांचे में पर्यटकों के लिए विपरीत मौसम में ठहरने और खाने पीने सुविधा मिलेगी। संवाद